महाराष्ट्र के नागपुर में 17 मार्च को हुई हिंसा की जांच में प्रगति पर पुलिस कमिश्नर रवींद्र सिंघल ने मंगलवार को इंडिया टीवी से बात की। इस खास बातचीत में उन्होंने कहा कि नागपुर हिंसा में और गिरफ्तारियां होंगी क्योंकि नए सीसीटीवी फुटेज और वीडियो सामने आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि अब तक 120 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और 13 एफआईआर दर्ज की गई हैं। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि पूरे शहर में शांति है और जांच के दौरान पुलिस को जो भी साक्ष्य मिल रहे हैं, उसके अनुसार जांच की जा रही है।
'सोशल मीडिया पर लगातार नजर रखी जा रही है'
नागपुर पुलिस कमिश्नर ने कहा, 'सबूतों के आधार पर जांच जारी है।' साइबर टीम और सोशल मीडिया पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है और सोशल मीडिया मॉनिटरिंग सेल बहुत अच्छे से काम कर रहा है। इसमें कई लोगों की पहचान कर ली गई है और साक्ष्यों के आधार पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। बता दें कि छत्रपति संभाजीनगर जिले में स्थित मुगल बादशाह औरंगजेब की कब्र को हटाने की मांग को लेकर दक्षिणपंथी संगठनों के नेतृत्व में किए गए प्रदर्शन के दौरान 17 मार्च को हिंसक भीड़ ने नागपुर के कई इलाकों में पथराव और आगजनी की घटनाओं को अंजाम दिया था। यह घटना इस अफवाह के बाद हुई थी कि वहां आयतें लिखी एक चादर जलाई जा रही है।
आरोपी के दो मंजिला मकान पर चला बुलडोजर
आपको बता दें कि पिछले सप्ताह शहर में हुई हिंसा के मुख्य आरोपी फहीम खान के दो मंजिला मकान को सोमवार सुबह नगर निगम अधिकारियों ने बड़ी संख्या में पुलिस बल की मौजूदगी में अनधिकृत निर्माण के चलते ध्वस्त कर दिया था। अधिकारियों ने बताया कि अधिकारियों ने महल क्षेत्र में स्थित एक अन्य आरोपी यूसुफ शेख के घर के अवैध रूप से निर्मित हिस्से को भी ध्वस्त कर दिया। हिंसा के सिलसिले में माइनॉरिटी डेमोक्रेटिक पार्टी (एमडीपी) के नेता खान के खिलाफ राजद्रोह का मामला दर्ज किया गया है। वह 17 मार्च को नागपुर शहर में भड़की हिंसा के सिलसिले में गिरफ्तार किए गए 100 से अधिक लोगों में शामिल हैं।