ट्रम्प ने अचानक रोका ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’, वीडियो में देखें होर्मुज स्ट्रेट से जुड़ा ऑपरेशन बना अंतरराष्ट्रीय चर्चा का विषय
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने मंगलवार रात अचानक एक बड़ा फैसला लेते हुए ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ को रोकने की घोषणा कर दी। यह ऑपरेशन सोमवार सुबह शुरू किया गया था, जिसका उद्देश्य होर्मुज स्ट्रेट (Hormuz Strait) से गुजरने वाले जहाजों को सुरक्षित रूप से बाहर निकालना बताया गया था। यह क्षेत्र वैश्विक तेल आपूर्ति के लिहाज से अत्यंत संवेदनशील माना जाता है और यहां किसी भी प्रकार की सैन्य या राजनीतिक गतिविधि का असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर पड़ सकता है।
न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, ट्रम्प प्रशासन ने यह ऑपरेशन समुद्री सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए शुरू किया था। लेकिन कुछ ही दिनों में स्थिति बदल गई और अचानक इसे रोकने का निर्णय सामने आया। बताया जा रहा है कि इस फैसले के पीछे कूटनीतिक बातचीत की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
रिपोर्ट के अनुसार, ट्रम्प ने कहा कि पाकिस्तान की ओर से इस ऑपरेशन को रोकने की अपील की गई थी। साथ ही ईरान के साथ चल रही बातचीत और संभावित समझौते की दिशा में हुई प्रगति को भी इस फैसले का प्रमुख कारण बताया गया है। ट्रम्प के बयान से संकेत मिलता है कि क्षेत्रीय तनाव को कम करने और कूटनीतिक समाधान की ओर बढ़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।
होर्मुज स्ट्रेट लंबे समय से वैश्विक तनाव का केंद्र रहा है, क्योंकि यह विश्व के प्रमुख तेल मार्गों में से एक है। यहां से प्रतिदिन बड़ी मात्रा में तेल और गैस का परिवहन होता है। ऐसे में किसी भी सैन्य गतिविधि या तनावपूर्ण स्थिति का सीधा असर वैश्विक ऊर्जा कीमतों पर पड़ता है।
इस बीच ईरान की सरकारी मीडिया ने ट्रम्प के इस कदम को अपनी जीत बताया है। ईरानी मीडिया का कहना है कि अमेरिका को आखिरकार पीछे हटना पड़ा क्योंकि वह इस रणनीतिक समुद्री मार्ग को अपने नियंत्रण में या सुरक्षित रूप से खोलने में सफल नहीं हो सका। ईरानी पक्ष ने इसे अपने कूटनीतिक और रणनीतिक रुख की सफलता के रूप में पेश किया है।
विश्लेषकों का मानना है कि यह घटनाक्रम अमेरिका और ईरान के बीच संबंधों में एक अस्थायी नरमी का संकेत हो सकता है, हालांकि स्थिति अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं है। क्षेत्रीय राजनीति में पाकिस्तान की भूमिका का उल्लेख भी इस पूरे घटनाक्रम को और अधिक जटिल बना देता है।
फिलहाल ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ के अचानक रोक दिए जाने से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कई सवाल खड़े हो गए हैं। यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि आने वाले दिनों में अमेरिका, ईरान और अन्य क्षेत्रीय देशों के बीच यह कूटनीतिक संतुलन किस दिशा में आगे बढ़ता है और होर्मुज स्ट्रेट से जुड़े तनाव पर इसका क्या प्रभाव पड़ता है।

