पाकिस्तान का अफगानिस्तान में एयरस्ट्राइक का दावा, वीडियो में देखें सात आतंकी ठिकाने निशाने पर; 16 लोगों की मौत की खबर
पाकिस्तान की सेना ने रविवार तड़के अफगानिस्तान के सीमावर्ती इलाकों में एयरस्ट्राइक कर बड़ी सैन्य कार्रवाई का दावा किया है। अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस ऑपरेशन में तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) और इस्लामिक स्टेट से जुड़े कई ठिकानों को निशाना बनाया गया। पाकिस्तान सरकार ने इसे हाल के आत्मघाती हमलों के जवाब में की गई कार्रवाई बताया है।
मीडिया नेटवर्क अल-जजीरा की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तानी सेना ने कहा है कि इस एयरस्ट्राइक में आतंकवादी संगठनों के सात कैंप और ठिकानों को निशाना बनाया गया। सेना का दावा है कि ये ठिकाने पाकिस्तान में आतंकी गतिविधियों की साजिश और हमलों की योजना बनाने के लिए इस्तेमाल किए जा रहे थे।
पाकिस्तान के सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने इस सैन्य कार्रवाई को इंटेलिजेंस आधारित ऑपरेशन बताया है। मंत्रालय की ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा गया कि सुरक्षा एजेंसियों के पास पुख्ता खुफिया जानकारी थी कि हाल के आत्मघाती हमलों के पीछे अफगानिस्तान की जमीन से संचालित नेटवर्क का हाथ है। इसी के आधार पर यह कार्रवाई की गई।
सरकार के अनुसार, यह ऑपरेशन देश की सुरक्षा और नागरिकों की रक्षा के लिए जरूरी था। बयान में कहा गया कि पाकिस्तान अपनी संप्रभुता और नागरिकों की सुरक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं करेगा और आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी।
वहीं, इस एयरस्ट्राइक में हुए नुकसान को लेकर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं। अमेरिकी मानवाधिकार संगठन इंटरनेशनल ह्यूमन राइट्स फाउंडेशन के मुताबिक, इस हमले में कम से कम 16 लोगों की मौत हुई है। मृतकों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल बताए जा रहे हैं। हालांकि, इन आंकड़ों की अभी तक पाकिस्तान या अफगानिस्तान की ओर से आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, एयरस्ट्राइक सीमावर्ती पहाड़ी इलाकों में की गई, जहां लंबे समय से आतंकी संगठनों की मौजूदगी की आशंका जताई जाती रही है। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ गया है और सुरक्षा एजेंसियां स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की कार्रवाई से दोनों देशों के बीच संबंधों में तनाव बढ़ सकता है। पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा पार आतंकवाद का मुद्दा लंबे समय से विवाद का कारण रहा है।
फिलहाल, दोनों देशों की ओर से स्थिति को लेकर आधिकारिक स्तर पर आगे की प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है। इस एयरस्ट्राइक ने क्षेत्र में सुरक्षा और स्थिरता को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

