होर्मुज स्ट्रेट के पास भारतीय क्रू वाले जहाज पर ड्रोन हमला, फुटेज में देंखे 2 नाविक लापता; 9 को बचाया गया
होर्मुज स्ट्रेट के आसपास समुद्री क्षेत्र में भारतीय नाविकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। निकारागुआ के झंडे वाले टैंकर एमटी पेट्रो डॉल्फिन पर ओमान के सोहर बंदरगाह के पास ड्रोन हमले की खबर सामने आई है। जहाज पर 11 भारतीय नाविक सवार थे। दिए गए विवरण के मुताबिक, इनमें से 9 नाविकों को बचा लिया गया है, जबकि 2 अब भी लापता हैं। हमले के पीछे किसका हाथ है, इसकी जानकारी फिलहाल सामने नहीं आई है।इस घटना के बाद भारतीय अधिकारी ओमान की संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर लापता नाविकों की तलाश में जुटे हैं। केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने बताया कि भारतीय अधिकारी स्थानीय एजेंसियों के संपर्क में हैं और लापता नाविकों को खोजने के प्रयास किए जा रहे हैं। मस्कट स्थित भारतीय दूतावास भी मामले पर नजर रख रहा है।
तीन दिनों में भारतीय क्रू वाले तीन जहाजों पर हमले का दावा
दिए गए विवरण के अनुसार, पिछले तीन दिनों में इस क्षेत्र में भारतीय क्रू वाले तीन जहाजों पर हमले हुए हैं। इनमें एमटी पेट्रो डॉल्फिन के अलावा एमटी वाल्थेरा और एमटी जेम नंबर 2 का नाम शामिल है।रविवार को ही मार्शल आइलैंड्स के झंडे वाले टैंकर एमटी वाल्थेरा पर होर्मुज स्ट्रेट के आसपास ड्रोन या मिसाइल से हमला होने की खबर है। बताया गया है कि हमले के बाद जहाज में आग लग गई। इस टैंकर पर भी 11 भारतीय नाविक सवार थे।इससे पहले 9 अक्टूबर को एमटी जेम नंबर 2 पर हमले की जानकारी सामने आई थी। लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने क्षेत्र में व्यावसायिक जहाजों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। हालांकि, तीनों घटनाओं के बीच किसी साझा हमलावर या संगठन का संबंध होने की पुष्टि नहीं हुई है।
एमटी वाल्थेरा पर हमले के बाद भारत ने जताई चिंता
एमटी वाल्थेरा पर हुए हमले में भी सभी 11 भारतीय नाविकों के सुरक्षित होने की जानकारी सामने आई है। रिपोर्टों के मुताबिक, जहाज को एक अज्ञात प्रक्षेपास्त्र से निशाना बनाया गया, जिसके बाद उसमें आग लग गई। भारत ने दोनों जहाजों पर हुए हमलों को लेकर चिंता जताई है और समुद्री मार्गों पर सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया है। इससे पहले 9 अक्टूबर को शारजाह एंकरेज के पास एमटी जेम नंबर 2 पर ड्रोन हमला हुआ था। इस जहाज पर सवार सभी 22 भारतीय क्रू सदस्य सुरक्षित बचा लिए गए थे।
लापता नाविकों की तलाश जारी
केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल के अनुसार, एमटी पेट्रो डॉल्फिन के दो लापता नाविकों की तलाश के लिए स्थानीय कोस्ट गार्ड और संबंधित एजेंसियां अभियान चला रही हैं। मस्कट स्थित भारतीय दूतावास ओमान के अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में है।फिलहाल, एमटी पेट्रो डॉल्फिन पर हमले के पीछे किसका हाथ है, इसकी पुष्टि नहीं हुई है। जांच पूरी होने तक किसी देश या संगठन को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं होगा।समुद्री व्यापार के लिहाज से होर्मुज स्ट्रेट बेहद महत्वपूर्ण मार्ग है। इस क्षेत्र में जहाजों पर लगातार हो रहे हमले अंतरराष्ट्रीय नौवहन सुरक्षा, तेल की आपूर्ति और नाविकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा रहे हैं। भारत ने हमलों को रोकने और समुद्री मार्गों पर सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने की मांग की है।

