'34 फाइटर जेट और 11 वॉरशिप्स तैनात...' ताइवान के आसपास चीन की बड़ी सैन्य हलचल, क्या छिड़ने वाली है जंग
ताइवान और चीन के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ता दिख रहा है। ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने हाल के घंटों में आसपास के समुद्र और हवाई क्षेत्र में चीनी सेना की असामान्य गतिविधि की सूचना दी है। इस गतिविधि को हाल के महीनों में इस क्षेत्र में सबसे बड़ी सैन्य मौजूदगी माना जा रहा है। ताइवानी रक्षा मंत्रालय के अनुसार, चीनी पीपल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) के 34 सैन्य विमान और पीपल्स लिबरेशन आर्मी नेवी (PLAN) के 11 युद्धपोत ताइवान के पास ऑपरेट करते हुए देखे गए। इस इलाके में एक चीनी सरकारी जहाज़ भी देखा गया। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब ताइवान जलडमरूमध्य पहले से ही क्षेत्रीय तनाव का केंद्र बना हुआ है। ताइवानी अधिकारियों ने बताया कि बड़ी संख्या में चीनी विमानों ने मीडियन लाइन को पार किया, जिसे ताइवान और चीन के बीच एक अनौपचारिक सीमा माना जाता है। ये विमान ताइवान के एयर डिफेंस आइडेंटिफिकेशन ज़ोन (ADIZ) में घुस गए, जिसे ताइपे प्रशासन एक सीधा उकसावा मानता है।
ताइवानी हवाई क्षेत्र में चीनी विमान देखे गए
ताइवान के उत्तरी, मध्य, दक्षिण-पश्चिमी और पूर्वी हिस्सों में स्थित ADIZ क्षेत्रों में चीनी सैन्य विमानों का पता चला। मीडियन लाइन को लंबे समय से दोनों पक्षों के बीच एक अनौपचारिक सीमा माना जाता रहा है, हालांकि चीन इसे मान्यता नहीं देता है और बार-बार इसे पार करता रहा है। इन गतिविधियों के बाद, ताइवानी सेना को हाई अलर्ट पर रखा गया। रक्षा मंत्रालय ने कहा कि वायु सेना और नौसेना ने तुरंत निगरानी और जवाबी कार्रवाई के उपाय शुरू किए। चीनी विमानों और जहाज़ों की गतिविधियों पर रडार, इलेक्ट्रॉनिक निगरानी और रेडियो सिस्टम के ज़रिए लगातार नज़र रखी गई।
ताइवान के रक्षा मंत्रालय का बयान
अपने आधिकारिक बयान में, ताइवान के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि ताइवान के आसपास चीनी सैन्य मौजूदगी का पता सुबह के समय चला और स्थिति को नियंत्रण में रखने के लिए सभी ज़रूरी कदम उठाए गए। मंत्रालय ने यह भी साफ किया कि देश की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। चीन ताइवान को अपने क्षेत्र का हिस्सा मानता है, जबकि ताइवान खुद को एक अलग और लोकतांत्रिक रूप से शासित देश मानता है। इस मूलभूत असहमति के कारण दोनों पक्षों के बीच दशकों से तनाव बना हुआ है, और समय-समय पर सैन्य घटनाएं होती रहती हैं।

