Samachar Nama
×

विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद रहा गोवा अब क्यों पड़ रहा फीका? श्रीलंका-थाईलैंड की ओर बढ़ा रुझान

विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद रहा गोवा अब क्यों पड़ रहा फीका? श्रीलंका-थाईलैंड की ओर बढ़ा रुझान

गोवा कभी विदेशी पर्यटकों की सबसे पसंदीदा डेस्टिनेशन माना जाता था, लेकिन अब हालात बदलते नजर आ रहे हैं। बढ़ती महंगाई, वीजा से जुड़ी दिक्कतें, भीड़भाड़ और बेहतर सुविधाओं की तलाश में अब बड़ी संख्या में पर्यटक श्रीलंका, वियतनाम और थाईलैंड जैसे देशों का रुख कर रहे हैं।

पर्यटन क्षेत्र से जुड़े लोगों के अनुसार गोवा में होटल, टैक्सी और खाने-पीने की बढ़ती कीमतें विदेशी पर्यटकों को प्रभावित कर रही हैं। कई पर्यटकों का मानना है कि अब गोवा पहले की तुलना में ज्यादा महंगा हो गया है, जबकि दूसरी ओर दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों में कम खर्च में बेहतर सुविधाएं मिल रही हैं।

विशेषज्ञों का कहना है कि श्रीलंका, थाईलैंड और वियतनाम ने पिछले कुछ वर्षों में पर्यटन इंफ्रास्ट्रक्चर पर काफी काम किया है। वहां सस्ते होटल, आसान ट्रैवल सुविधा, साफ-सुथरे बीच और बेहतर नाइटलाइफ जैसी चीजें पर्यटकों को आकर्षित कर रही हैं।

गोवा में बढ़ती भीड़भाड़ और ट्रैफिक भी एक बड़ी समस्या बनती जा रही है। पीक सीजन के दौरान समुद्र तटों और प्रमुख पर्यटन स्थलों पर अत्यधिक भीड़ होने से कई पर्यटक शांत और आरामदायक जगहों की तलाश में दूसरे देशों को चुन रहे हैं।

ट्रैवल इंडस्ट्री से जुड़े जानकारों का कहना है कि वीजा नीतियों और अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी का भी बड़ा असर पड़ रहा है। कई देशों ने पर्यटकों के लिए आसान वीजा और आकर्षक टूर पैकेज उपलब्ध कराए हैं, जिससे उनका आकर्षण बढ़ा है।

हालांकि गोवा अब भी भारतीय और विदेशी पर्यटकों के बीच लोकप्रिय बना हुआ है। यहां के बीच, संगीत, पार्टी कल्चर और पुर्तगाली विरासत आज भी लोगों को आकर्षित करती है। लेकिन प्रतिस्पर्धा बढ़ने के कारण गोवा के पर्यटन उद्योग को नई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि गोवा को फिर से विदेशी पर्यटकों की पहली पसंद बनाना है तो इंफ्रास्ट्रक्चर, सफाई, ट्रैफिक प्रबंधन और कीमतों पर ध्यान देना होगा। साथ ही पर्यटकों को बेहतर अनुभव देने के लिए नई योजनाओं की जरूरत है।

फिलहाल बदलते ट्रैवल ट्रेंड के बीच गोवा को दक्षिण-पूर्व एशियाई देशों से कड़ी प्रतिस्पर्धा मिल रही है और यह पर्यटन उद्योग के लिए चिंता का विषय बनता जा रहा है।

Share this story

Tags