चारधाम यात्रा में चार्टर हेलिकॉप्टर सेवाओं पर लगा ब्रेक, अगले सीजन में ही मिलेंगी सुविधाएं; केदारनाथ की शटल सेवा जारी रहेगी
उत्तराखंड में चारधाम यात्रा के दौरान संचालित होने वाली चार्टर हेलिकॉप्टर सेवाओं पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। 11 हेलिकॉप्टर ऑपरेटरों की ओर से दो पायलट अनिवार्य करने के नियम का विरोध किए जाने के बाद यह फैसला लिया गया है। सोमवार को उत्तराखंड नागरिक उड्डयन विकास प्राधिकरण (UCADA) और नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) के बीच हुई बैठक में चार्टर हेली सेवाओं को अगले यात्रा सीजन तक बंद रखने पर सहमति बनी।
हालांकि, केदारनाथ धाम में सामान्य शटल हेलिकॉप्टर सेवा पहले की तरह जारी रहेगी। इस सेवा के जरिए श्रद्धालु निर्धारित हेलीपैड से केदारनाथ तक पहुंच सकेंगे। वहीं, लंबी दूरी की व्यक्तिगत चार्टर हेलिकॉप्टर सेवाओं का संचालन नए दिशा-निर्देशों का पालन नहीं होने के कारण बंद रहेगा।
दो पायलट अनिवार्य करने के नियम पर विवाद
दरअसल, हेलिकॉप्टर संचालन को सुरक्षित बनाने के लिए दो पायलट अनिवार्य करने का नियम लागू किया गया है। इस नियम को लेकर 11 हेलिकॉप्टर ऑपरेटरों ने विरोध जताया था। इसके बाद चारधाम में चार्टर हेली सेवाओं के संचालन को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं हो पा रही थी।सोमवार को UCADA और DGCA के अधिकारियों के बीच हुई बैठक में इस मुद्दे पर चर्चा की ई। बैठक के बाद तय हुआ कि इस सीजन में चार्टर हेली सेवाएं दोबारा शुरू नहीं की जाएंगी। अब अगले साल यात्रा सीजन में नए नियमों और सुरक्षा व्यवस्था के अनुरूप इनके संचालन पर फैसला होगा।
बुकिंग कराने वाले यात्रियों को मिलेगा पूरा रिफंड
UCADA के CEO प्रतीक जैन ने बताया कि इस सीजन में चार्टर हेलिकॉप्टर सेवाओं के लिए ज्यादा बुकिंग नहीं हुई थी। जिन यात्रियों ने पहले से टिकट या चार्टर सेवा बुक कराई थी, उन्हें पूरा पैसा वापस किया जाएगा।उन्होंने स्पष्ट किया कि यात्रियों को आर्थिक नुकसान नहीं होने दिया जाएगा। चार्टर सेवाएं बंद होने के बावजूद केदारनाथ में सामान्य शटल हेलिकॉप्टर सेवा का संचालन जारी रहेगा।
CM धामी बोले- हादसे के दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को हल्द्वानी में मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि हादसे के लिए जो भी जिम्मेदार होगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।उन्होंने कहा कि मौजूदा चारधाम यात्रा के अनुभवों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने अगले साल की यात्रा की तैयारियां अभी से शुरू कर दी हैं। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा और बेहतर व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
केदारनाथ में DGCA का ATC कंट्रोल रूम सक्रिय
केदारनाथ में हेलिकॉप्टर सेवाओं की निगरानी के लिए DGCA ने एयर ट्रैफिक कंट्रोल (ATC) का कंट्रोल रूम बनाया है। यहां से मौसम की स्थिति और उड़ानों की पल-पल की जानकारी पर नजर रखी जा रही है।मौसम और उड़ान संबंधी परिस्थितियों का आकलन करने के बाद ही हेलिकॉप्टरों को उड़ान की अनुमति दी जा रही है। इसका उद्देश्य खराब मौसम और अन्य संभावित जोखिमों को देखते हुए हेलिकॉप्टर संचालन को सुरक्षित बनाना है।
नवंबर में बंद होंगे चारों धामों के कपाट
चारधाम यात्रा का समापन भी अब नजदीक है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार गंगोत्री धाम के कपाट 10 नवंबर को बंद होंगे। केदारनाथ और यमुनोत्री धाम के कपाट 11 नवंबर को बंद किए जाएंगे। वहीं, बद्रीनाथ धाम के कपाट 16 नवंबर को बंद होंगे।चारों धामों के कपाट बंद होने के साथ ही इस साल की यात्रा समाप्त हो जाएगी। सरकार का कहना है कि इस सीजन के अनुभवों और सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं की समीक्षा के आधार पर अगले साल की यात्रा को बेहतर बनाने की तैयारी की जा रही है।

