स्कॉपियो में युवती के साथ दुष्कर्म, पुलिस ने वाहन सहित दरिंदों को पकड़ा, लोगों में आक्रोश
नालंदा जिले के राजगीर शहर के हॉकी मैदान में स्कॉर्पियो सवार दो युवकों द्वारा एक युवती के साथ दुष्कर्म करने का सनसनीखेज मामला पुलिस ने खोल दिया है। इस मामले में पुलिस की तत्परता से पुलिस ने गिरियक थाना क्षेत्र के मुखिया व सतौआ निवासी स्वर्गीय बलवीर यादव उर्फ बालो के पुत्र मंटू कुमार और जमुई जिले के चंद्रदीप थाना क्षेत्र के इस्लामनगर निवासी रामदेव यादव के पुत्र बलिराम कुमार को गिरफ्तार कर लिया है।
आपको बता दें कि पुलिस ने उस स्कॉर्पियो को भी जब्त कर लिया है जिसमें इस वारदात को अंजाम दिया गया था। इस शर्मनाक घटना से राजगीर और गिरियक इलाके में आक्रोश फैल गया है। स्थानीय लोगों ने घटना की कड़ी निंदा की है और दोषियों को कड़ी सजा देने की मांग की है। वहीं, पुलिस ने आश्वासन दिया है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी और पीड़िता को न्याय मिलेगा। स्थानीय लोगों की सतर्कता के कारण यह घटना प्रकाश में आई है। संदिग्ध गतिविधि देखकर उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए घटनास्थल पर पहुंचकर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
डीएसपी सुरक्षा सह प्रभारी डीएसपी राजगीर रंजन कुमार ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि गुरुवार की दोपहर पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि राजगीर के हॉकी मैदान में दो लड़के एक लड़की को जबरन सफेद रंग की स्कॉर्पियो गाड़ी में बैठाकर ले जा रहे हैं। लड़की कार के अंदर से मदद के लिए चिल्ला रही है। सूचना पर त्वरित कार्रवाई करते हुए राजगीर पुलिस ने हॉकी मैदान को चारों तरफ से घेर लिया और घटनास्थल से भागने की कोशिश कर रहे एक स्कॉर्पियो के साथ दो लड़कों को गिरफ्तार कर लिया।
उन्होंने बताया कि पीड़िता के बयान के आधार पर राजगीर थाने में बीएनएस के तहत तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। डीएसपी ने बताया कि एसएसएल टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और स्कॉर्पियो कार से साक्ष्य एकत्र किए। रंजन कुमार ने बताया कि पीड़िता ने पुलिस को दिए बयान में कहा है कि आरोपी उसे बहला-फुसलाकर सुनसान जगह पर ले गया और जबरन स्कॉर्पियो में बैठाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। घटना के तुरंत बाद पीड़िता की मेडिकल जांच कराई गई। परीक्षण रिपोर्ट में बलात्कार की पुष्टि हुई है। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली है। आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
इस घटना ने एक बार फिर महिलाओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ऐसे मामलों में समाज, प्रशासन और कानून व्यवस्था को मिलकर काम करने की जरूरत है ताकि अपराधियों में डर बना रहे और महिलाएं अपने शहर में सुरक्षित महसूस कर सकें। डीएसपी रंजन कुमार ने बताया कि छापेमारी टीम में राजगीर थानाध्यक्ष रमण कुमार, अपर थानाध्यक्ष संजीव कुमार सिंह, अनि काजल कुमारी तथा राजगीर थाना के पुरुष व महिला सशस्त्र बल के जवान शामिल थे।

