उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस, आज प्रदेश अपनी गौरवशाली यात्रा के सालगिरह मना रहा
पूरे प्रदेश में आज उत्तर प्रदेश का स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया जा रहा है। यह दिन प्रदेश के लिए ऐतिहासिक महत्व रखता है, क्योंकि 24 जनवरी 1950 को उत्तर प्रदेश का गठन हुआ था। इतिहास पर नजर डालें तो, आज के उत्तर प्रदेश की नींव साल 1902 में यूनाइटेड प्रॉविंस ऑफ आगरा एंड अवध के रूप में रखी गई थी। 1950 में इस प्रांत का नाम बदलकर उत्तर प्रदेश रखा गया। उत्तर प्रदेश का गठन भारतीय गणराज्य की स्थापना के ठीक एक दिन बाद हुआ, जिससे यह प्रदेश अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान के लिए जाना जाता है।
पूर्व में उत्तराखंड का क्षेत्र भी उत्तर प्रदेश का हिस्सा था। साल 2000 में उत्तर प्रदेश के पहाड़ी क्षेत्रों को अलग करके नए राज्य का दर्जा दिया गया। इस नए राज्य को पहले उत्तरांचल कहा गया, बाद में इसका नाम बदलकर उत्तराखंड कर दिया गया। कुमाऊं और गढ़वाल के यह क्षेत्र उत्तराखंड के गठन के बाद अपनी अलग प्रशासनिक पहचान में आए।
उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस पर राज्य के मुख्यमंत्री, अधिकारी और नागरिक विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होकर प्रदेश की सांस्कृतिक, सामाजिक और आर्थिक उपलब्धियों का जश्न मनाते हैं। इस अवसर पर स्कूलों और कॉलेजों में भी कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं, जिनमें बच्चों और युवाओं को प्रदेश के इतिहास और गौरवपूर्ण विरासत से अवगत कराया जाता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तर प्रदेश ने भारतीय राजनीति, संस्कृति और शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। स्थापना दिवस के अवसर पर यह इतिहास और गौरव याद करने का दिन भी है, साथ ही यह प्रेरणा देता है कि प्रदेश को विकास और समृद्धि के मार्ग पर आगे बढ़ाया जाए।
कुल मिलाकर, आज का दिन उत्तर प्रदेश के लिए गौरव और उपलब्धियों का प्रतीक है। यह दिन सभी नागरिकों को याद दिलाता है कि प्रदेश की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक धरोहर को संजोकर रखने और विकास की दिशा में काम करने की जिम्मेदारी हम सभी की है।

