ट्रेनों में बढ़ेगी यात्रियों की सुरक्षा, रोजाना दो घंटे सफर करेगी जीआरपी की विशेष टीम
रेलवे यात्रियों की सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) ने नई पहल शुरू की है। इसके तहत जीआरपी की विशेष टीमें अब रोजाना ट्रेनों में दो घंटे तक सफर कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेंगी और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखेंगी।
हर थाने में बनी 10 पुलिसकर्मियों की विशेष टीम
नई व्यवस्था के तहत जीआरपी के प्रत्येक थाने में 10-10 पुलिसकर्मियों की विशेष टीम गठित की गई है। इन टीमों का मुख्य उद्देश्य ट्रेनों में अपराधों की रोकथाम, यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और असामाजिक तत्वों पर निगरानी रखना होगा।
अधिकारियों के अनुसार, टीम के सदस्य अलग-अलग ट्रेनों में यात्रा कर सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण करेंगे और जरूरत पड़ने पर तत्काल कार्रवाई भी करेंगे।
पांच वर्दी में, पांच सादे कपड़ों में रहेंगे तैनात
विशेष टीम में शामिल 10 पुलिसकर्मियों में से पांच जवान वर्दी में और पांच सादे कपड़ों में यात्रा करेंगे। वर्दीधारी पुलिसकर्मी यात्रियों को सुरक्षा का एहसास दिलाएंगे, जबकि सादे कपड़ों में मौजूद पुलिसकर्मी संदिग्ध व्यक्तियों और आपराधिक गतिविधियों पर गुप्त रूप से नजर रखेंगे।
इस व्यवस्था से जेबकतरी, चोरी, महिलाओं से छेड़छाड़ और अन्य अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण की उम्मीद जताई जा रही है।
रोजाना दो घंटे का होगा गश्त अभियान
जीआरपी की ये टीमें प्रतिदिन कम से कम दो घंटे ट्रेनों में यात्रा करेंगी। इस दौरान वे विभिन्न रूटों पर चलने वाली ट्रेनों में सुरक्षा जांच करेंगी, यात्रियों से संवाद स्थापित करेंगी और उनकी शिकायतों को भी सुनेंगी।
रेलवे अधिकारियों का मानना है कि नियमित निगरानी से अपराधियों में डर पैदा होगा और यात्रियों का भरोसा बढ़ेगा।
त्योहार और भीड़भाड़ वाले सीजन पर विशेष नजर
जीआरपी ने स्पष्ट किया है कि त्योहारों, छुट्टियों और भीड़भाड़ वाले सीजन में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किया जाएगा। ऐसे समय में अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया जा सकता है ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
यात्रियों से सहयोग की अपील
जीआरपी अधिकारियों ने यात्रियों से भी सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की है। उनका कहना है कि पुलिस और यात्रियों के सहयोग से ही रेल यात्रा को अधिक सुरक्षित बनाया जा सकता है।
इस नई पहल से ट्रेनों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होने और यात्रियों को सुरक्षित यात्रा का बेहतर माहौल मिलने की उम्मीद है।

