औरंगजेब वाले बयान पर रुचि वीरा का योगी पर पलटवार, बोलीं- चुनाव में गड़े मुर्दे क्यों उखाड़ते हैं
उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से औरंगजेब और शाहजहां से जुड़े ऐतिहासिक प्रसंग का जिक्र किए जाने के बाद समाजवादी पार्टी की मुरादाबाद सांसद रुचि वीरा ने पलटवार किया है। उन्होंने सवाल उठाया कि चुनाव के समय मुख्यमंत्री को इतिहास के पुराने प्रसंगों को सामने लाने की जरूरत क्यों पड़ रही है।
रुचि वीरा ने कहा कि चुनाव से पहले गड़े मुर्दे उखाड़ने का क्या औचित्य है। उन्होंने मुख्यमंत्री के बयान पर सवाल उठाते हुए कहा कि चुनावी मुद्दों को वर्तमान समस्याओं और जनता से जुड़े सवालों पर केंद्रित होना चाहिए।
पितृ पक्ष के संदेश में योगी ने किया था जिक्र
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पितृ पक्ष के मौके पर प्रदेशवासियों के नाम संदेश में पूर्वजों के योगदान और सनातन परंपरा का उल्लेख किया था। इसी दौरान उन्होंने आगरा किले में शाहजहां और उनके बेटे औरंगजेब से जुड़े एक ऐतिहासिक प्रसंग का जिक्र किया। मुख्यमंत्री ने कहा था कि शाहजहां ने कैद के दौरान पानी के लिए व्यग्र होकर औरंगजेब को पत्र लिखा था।
मुख्यमंत्री के इस बयान के बाद राजनीतिक प्रतिक्रिया सामने आई है। सपा सांसद रुचि वीरा ने इसे चुनावी संदर्भ से जोड़ते हुए मुख्यमंत्री पर निशाना साधा।
रुचि वीरा ने उठाए चुनावी मुद्दों पर सवाल
रुचि वीरा ने कहा कि चुनाव के समय पुराने ऐतिहासिक प्रसंगों को चर्चा में लाने के बजाय जनता से जुड़े मुद्दों पर बात होनी चाहिए। उनके बयान के मुताबिक, मुख्यमंत्री को यह बताना चाहिए कि वर्तमान समय में प्रदेश की जनता के सामने मौजूद समस्याओं और विकास से जुड़े सवालों पर सरकार की क्या प्राथमिकताएं हैं।
सपा सांसद ने मुख्यमंत्री पर व्यक्तिगत टिप्पणी भी की और उनके पारिवारिक संदर्भ का उल्लेख करते हुए सवाल उठाए। यह बयान सामने आने के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति में सियासी बयानबाजी और तेज होने के संकेत हैं।
मुरादाबाद की छह सीटों पर जीत का दावा
रुचि वीरा ने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर अपनी पार्टी के प्रदर्शन पर भी बात की। उन्होंने दावा किया कि समाजवादी पार्टी मुरादाबाद मंडल की सभी छह विधानसभा सीटों पर जीत दर्ज करेगी। उन्होंने मुरादाबाद को सपा का मजबूत क्षेत्र बताते हुए कहा कि पार्टी जनता के बीच विकास के मुद्दों को लेकर जाएगी।
उन्होंने अखिलेश यादव के कार्यकाल में किए गए विकास कार्यों का भी उल्लेख किया और कहा कि इन्हीं मुद्दों के आधार पर पार्टी जनता के बीच जाएगी।
चुनाव से पहले बढ़ी सियासी बयानबाजी
उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक दलों की तैयारियां तेज हो रही हैं। इसी के साथ नेताओं के बीच बयान और पलटवार का दौर भी बढ़ता जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ऐतिहासिक संदर्भों और विपक्ष पर हमलों के बाद सपा नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
अब रुचि वीरा के बयान के बाद भाजपा और सपा के बीच इस मुद्दे पर आगे भी राजनीतिक प्रतिक्रियाएं आने की संभावना है। चुनावी माहौल में इतिहास, विकास और वर्तमान जन मुद्दों को लेकर दोनों पक्षों के बीच बहस और तेज हो सकती है।

