दिल्ली विधानसभा सुरक्षा चूक मामले में नई जानकारी, आरोपियों ने की थी रेकी; 5–10 मिनट में वारदात को दिया अंजाम
दिल्ली विधानसभा परिसर में हुई सुरक्षा चूक के मामले में जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए खुलासे सामने आ रहे हैं। अब इस घटना को लेकर एक महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है, जिससे यह मामला और गंभीर हो गया है।
Delhi Legislative Assembly में घुसपैठ करने वाले आरोपियों ने घटना से पहले पूरे परिसर की रेकी की थी। सूत्रों के अनुसार, आरोपियों ने पहले विधानसभा क्षेत्र का बारीकी से निरीक्षण किया और सुरक्षा व्यवस्था की जानकारी जुटाई। इसके बाद उन्होंने एक सुनियोजित तरीके से इस घटना को अंजाम दिया।
जांच से जुड़े अधिकारियों के अनुसार, यह साफ संकेत मिल रहे हैं कि पूरी योजना पूर्व-नियोजित थी। आरोपियों ने यह समझने की कोशिश की थी कि किस समय सुरक्षा अपेक्षाकृत कमजोर रहती है और किस मार्ग से आसानी से परिसर में प्रवेश किया जा सकता है।
सूत्रों के मुताबिक, इस पूरी घटना को अंजाम देने में मात्र 5 से 10 मिनट का समय लगा। आरोपी तेजी से परिसर में घुसे, वारदात को अंजाम दिया और तुरंत वहां से निकल गए। इस छोटी समयावधि में हुई घटना ने सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
घटना के पीछे का वास्तविक उद्देश्य अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है। पुलिस और जांच एजेंसियां इस पहलू पर भी गहराई से जांच कर रही हैं कि आरोपियों ने ऐसा कदम क्यों उठाया और उनका मकसद क्या था।
Delhi Police ने मामले की जांच तेज कर दी है। पुलिस आरोपियों के मोबाइल डेटा, लोकेशन हिस्ट्री और संपर्कों की जांच कर रही है, ताकि इस घटना से जुड़े हर पहलू को समझा जा सके। साथ ही यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या इस वारदात में कोई और व्यक्ति या नेटवर्क शामिल था।
घटना के बाद विधानसभा परिसर की सुरक्षा व्यवस्था को और कड़ा कर दिया गया है। सभी प्रवेश और निकास बिंदुओं पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं और सीसीटीवी निगरानी को भी बढ़ा दिया गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं संवेदनशील सरकारी परिसरों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की आवश्यकता को दर्शाती हैं। फिलहाल जांच एजेंसियां पूरे मामले की तह तक पहुंचने में जुटी हुई हैं और जल्द ही और महत्वपूर्ण खुलासे होने की उम्मीद है।

