लखनऊ में दरोगा ने भाजपा नेता का सिर फोड़ा: घर में घुसकर भाई को लाठी, पत्नी को लात मारी; झगड़े की जांच करने पहुंचे थे पुलिसवाले
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बंथरा थाना क्षेत्र के खसरवारा गांव में एक भाजपा बूथ अध्यक्ष ने दरोगा और पुलिस टीम पर घर में घुसकर मारपीट करने का आरोप लगाया है। पीड़ित का कहना है कि दरोगा ने उसके सिर पर पिस्टल की बट से हमला किया, जिससे वह घायल हो गया। भाई को लाठियों से पीटा गया, जबकि बचाने पहुंची पत्नी को भी कथित तौर पर पेट में लात मार दी गई।
मामला दुकान लगाने को लेकर हुए विवाद की जांच से जुड़ा है। घटना के बाद पुलिस विभाग ने संबंधित दरोगा को निलंबित कर दिया है और मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं।
दुकान लगाने को लेकर हुआ था विवाद
जानकारी के मुताबिक, खसरवारा गांव निवासी भाजपा बूथ अध्यक्ष अरविंद रावत का बुधवार को गांव के कुछ लोगों से दुकान लगाने को लेकर विवाद हुआ था। आरोप है कि विवाद बढ़ने पर दोनों पक्षों के बीच रात करीब 8:30 बजे मारपीट भी हुई।
इसके बाद अरविंद थाने पहुंचे और दूसरे पक्ष के खिलाफ गाली-गलौज, मारपीट और जान से मारने की धमकी की शिकायत दी। पुलिस ने मामले की जांच का भरोसा देकर उन्हें घर भेज दिया। कुछ देर बाद दूसरे पक्ष के लोग भी थाने पहुंच गए और अरविंद पक्ष पर आरोप लगाते हुए शिकायत दी।
रात 11 बजे घर पहुंची पुलिस टीम
दोनों पक्षों की शिकायत मिलने के बाद पुलिस टीम रात करीब 11 बजे अरविंद रावत के घर पहुंची। पीड़ित पक्ष का आरोप है कि उस समय परिवार के लोग घर में सो रहे थे। पुलिसकर्मियों ने उन्हें जगाया और पूछताछ शुरू की।
अरविंद का आरोप है कि इसी दौरान दरोगा सचिन यादव ने उनके साथ मारपीट की और पिस्टल की बट से सिर पर वार कर दिया। हमले में उनका सिर फट गया और खून निकलने लगा। पुलिस टीम के घर में पहुंचने और कथित मारपीट से जुड़े वीडियो भी सामने आने की बात कही गई है।
भाई को लाठियों से पीटा, पत्नी को भी चोट
अरविंद के मुताबिक, जब उनका भाई नरेंद्र उन्हें बचाने के लिए आगे आया तो पुलिसकर्मियों ने उसे लाठी-डंडों से पीटना शुरू कर दिया। आरोप है कि पुलिसकर्मी उसे मारते हुए घर से बाहर की ओर ले गए।
वहीं, अरविंद की पत्नी नीतू ने जब पुलिस की कार्रवाई का विरोध किया तो दरोगा ने कथित तौर पर उनके पेट में लात मार दी। इससे वह जमीन पर गिर गईं। पीड़ित परिवार ने पुलिसकर्मियों पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने का भी आरोप लगाया है।
ACP से शिकायत, दरोगा निलंबित
घटना के बाद अरविंद रावत ने गुरुवार को एसीपी से शिकायत की। उन्होंने दरोगा और पुलिस टीम पर घर में घुसकर परिवार के सदस्यों के साथ मारपीट करने का आरोप लगाया।
मामला सामने आने के बाद पुलिस अधिकारियों ने कार्रवाई करते हुए दरोगा सचिन यादव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। डीसीपी साउथ मोहम्मद मुश्ताक के मुताबिक, मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं।
दूसरे पक्ष की शिकायत भी जांच में शामिल
इस पूरे विवाद में दूसरे पक्ष की ओर से भी पुलिस को शिकायत दी गई है। इसलिए जांच में दोनों पक्षों के आरोपों और घटनाक्रम को देखा जा रहा है। पुलिस के सामने अब यह स्पष्ट करना चुनौती है कि विवाद की शुरुआत कैसे हुई और घर पहुंची पुलिस टीम के दौरान वास्तव में क्या हुआ।
फिलहाल सामने आए वीडियो, पीड़ित परिवार की शिकायत और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। दरोगा के निलंबन के बाद इस मामले ने पुलिस की कार्यप्रणाली और मौके पर बल प्रयोग को लेकर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।

