लखनऊ जिला अदालत के पास नाले पर बने अवैध चैंबर ध्वस्त, अब नगर निगम बनाएगा अस्थाई पार्किंग
लखनऊ में जिला अदालत के आसपास अतिक्रमण के खिलाफ नगर निगम ने कार्रवाई की है। जिला अदालत के पास नाले पर बनाए गए वकीलों के अवैध चैंबरों को नगर निगम की टीम ने ध्वस्त कर दिया। कार्रवाई के बाद नाले की जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है। अब इसी खाली कराए गए स्थान पर नगर निगम की ओर से अस्थाई पार्किंग संचालित करने की तैयारी की जा रही है।
बताया जा रहा है कि जिला अदालत के आसपास लंबे समय से नाले की जमीन पर कई चैंबर बनाए गए थे। इन निर्माणों को लेकर नगर निगम की ओर से कार्रवाई की गई। अभियान के दौरान टीम ने अवैध चैंबरों को हटाकर जगह खाली कराई। कार्रवाई के बाद क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने के साथ सार्वजनिक स्थान के बेहतर इस्तेमाल की योजना तैयार की जा रही है।
नगर निगम अधिकारियों के अनुसार, नाले के ऊपर या उसके आसपास अवैध निर्माण होने से सफाई और जल निकासी की व्यवस्था प्रभावित होती है। बरसात के दौरान नाले की सफाई और पानी की निकासी में भी परेशानी हो सकती है। इसी को देखते हुए नगर निगम ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की।
अवैध चैंबरों के ध्वस्त किए जाने के बाद अब इस स्थान का उपयोग पार्किंग के तौर पर करने की योजना है। जिला अदालत के आसपास बड़ी संख्या में वकील, कर्मचारी, पक्षकार और अन्य लोग रोजाना पहुंचते हैं। ऐसे में पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण आसपास की सड़कों पर वाहन खड़े होने से यातायात प्रभावित होता है।
नगर निगम की ओर से तैयार की जा रही अस्थाई पार्किंग से इस समस्या को कम करने की उम्मीद है। पार्किंग शुरू होने के बाद अदालत आने वाले लोगों को अपने वाहन खड़े करने के लिए निर्धारित स्थान मिल सकेगा। इससे मुख्य सड़कों और आसपास के मार्गों पर बेतरतीब तरीके से वाहन खड़े होने की समस्या भी कम हो सकती है।
नगर निगम अब खाली कराई गई जमीन को पार्किंग के लिए तैयार करने की प्रक्रिया में जुटा है। इसके लिए जगह को समतल करने, प्रवेश और निकास की व्यवस्था करने तथा वाहनों को व्यवस्थित तरीके से खड़ा कराने की योजना बनाई जा रही है।
हालांकि अवैध चैंबर हटाने की कार्रवाई के बाद वकीलों की ओर से इस पर प्रतिक्रिया भी सामने आ सकती है। नगर निगम का कहना है कि सार्वजनिक जमीन को अतिक्रमण से मुक्त कराना और उसका उपयोग जनसुविधा के लिए करना जरूरी है।
अदालत के आसपास पार्किंग की समस्या लंबे समय से बनी हुई है। रोजाना बड़ी संख्या में वाहनों की आवाजाही के कारण सड़क किनारे वाहन खड़े रहने से कई बार जाम जैसी स्थिति बन जाती है। ऐसे में अस्थाई पार्किंग शुरू होने से यातायात व्यवस्था में सुधार की उम्मीद है।
नगर निगम की योजना है कि खाली कराई गई जगह का उपयोग फिलहाल अस्थाई पार्किंग के रूप में किया जाए। भविष्य में क्षेत्र की जरूरत और उपलब्ध जमीन के आधार पर यहां अन्य जनसुविधाओं को लेकर भी निर्णय लिया जा सकता है।
फिलहाल अवैध चैंबरों को हटाने के बाद नगर निगम ने पार्किंग की तैयारी शुरू कर दी है। यदि योजना के मुताबिक पार्किंग शुरू होती है तो जिला अदालत के आसपास आने वाले लोगों को सुविधा मिलेगी और सड़क पर बेतरतीब पार्किंग से होने वाली परेशानी को भी कम किया जा सकेगा।

