गोंडा की जज को फोन कर दबाव बनाने के आरोपों पर IAS दुर्गा शक्ति नागपाल की सफाई, कई आरोपों से किया इनकार
उत्तर प्रदेश के गोंडा में जज को फोन कर एक मामले को लेकर दबाव बनाने के आरोपों पर आईएएस अधिकारी और मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने सफाई दी है। उन्होंने अपने ऊपर लगाए गए कई आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि मामले को गलत तरीके से पेश किया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि एक केस को लेकर जज से फोन पर बातचीत और कथित दबाव बनाने के आरोप सामने आए थे। इसके बाद यह मामला चर्चा में आ गया।
आरोपों पर दी सफाई
मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उनके द्वारा किसी भी न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप करने का प्रयास नहीं किया गया। उन्होंने कई दावों को तथ्यहीन बताते हुए अपना पक्ष रखा।
उन्होंने कहा कि प्रशासनिक अधिकारी के तौर पर वह अपने दायित्वों का निर्वहन करती हैं और कानून के अनुसार ही कार्य करती हैं।
फोन कॉल को लेकर उठा विवाद
मामला एक न्यायिक प्रकरण से जुड़ा बताया जा रहा है, जिसमें जज को फोन किए जाने की बात सामने आई थी। आरोप लगाया गया कि फोन के जरिए मामले को प्रभावित करने का प्रयास किया गया।
हालांकि, आईएएस अधिकारी ने इन आरोपों से इनकार किया है और कहा है कि पूरी स्थिति को सही संदर्भ में देखा जाना चाहिए।
प्रशासनिक और न्यायिक व्यवस्था पर चर्चा
इस मामले के सामने आने के बाद प्रशासनिक अधिकारियों और न्यायपालिका के बीच समन्वय और अधिकार क्षेत्र को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।
विशेषज्ञों का कहना है कि न्यायिक प्रक्रिया की स्वतंत्रता बनाए रखना बेहद महत्वपूर्ण है और किसी भी मामले में पारदर्शिता जरूरी होती है।
आगे की स्थिति पर नजर
फिलहाल इस मामले में जुड़े सभी पक्षों के बयान सामने आ रहे हैं। आरोपों और सफाई के बीच अब आगे की कार्रवाई और जांच पर सभी की नजर बनी हुई है।

