यूपी दरोगा भर्ती की उत्तर कुंजी पर हाईकोर्ट सख्त, सरकार से मांगा जवाब; नियुक्ति पत्र जारी करने पर रोक
उत्तर प्रदेश पुलिस में दरोगा भर्ती परीक्षा की उत्तर कुंजी को लेकर चल रहे विवाद पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब तलब किया है। भर्ती परीक्षा के कुछ प्रश्नों के उत्तरों की सत्यता और शुद्धता को लेकर अभ्यर्थियों की ओर से याचिकाएं दाखिल की गई हैं। इन याचिकाओं में उत्तर कुंजी में दिए गए कुछ उत्तरों को चुनौती दी गई है।
मामले की सुनवाई के दौरान कोर्ट ने सरकार से इस विवाद पर अपना पक्ष स्पष्ट करने को कहा है। बताया गया कि सरकार की ओर से बार-बार समय मांगे जाने के बाद कोर्ट ने भर्ती प्रक्रिया में नियुक्ति पत्र जारी करने पर रोक लगा दी थी। इससे भर्ती में सफल अभ्यर्थियों की नियुक्ति प्रक्रिया फिलहाल प्रभावित हुई है।
उत्तर कुंजी के कुछ जवाबों पर उठे सवाल
याचिकाकर्ताओं का कहना है कि परीक्षा की उत्तर कुंजी में कुछ प्रश्नों के ऐसे उत्तर दिए गए हैं, जिनकी शुद्धता को लेकर आपत्ति है। अभ्यर्थियों ने संबंधित प्रश्नों और उनके उत्तरों की दोबारा जांच कराने की मांग की है।
याचिकाओं में दावा किया गया है कि गलत उत्तरों के आधार पर तैयार परिणाम से अभ्यर्थियों की मेरिट प्रभावित हो सकती है। इसी वजह से हाईकोर्ट में उत्तर कुंजी को चुनौती देते हुए राहत की मांग की गई है।
बार-बार समय मांगने पर कोर्ट ने लगाई रोक
सुनवाई के दौरान सरकार की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा गया। बार-बार समय मांगने के बाद कोर्ट ने नियुक्ति पत्र जारी करने पर रोक लगाने का आदेश दिया। अब सरकार को उत्तर कुंजी से जुड़ी आपत्तियों और याचिकाओं में उठाए गए सवालों पर अपना जवाब देना होगा।
कोर्ट के अंतिम निर्णय के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि विवादित प्रश्नों और उनके उत्तरों को लेकर क्या कार्रवाई की जाती है। फिलहाल भर्ती से जुड़े अभ्यर्थियों की नजर हाईकोर्ट की अगली सुनवाई पर है।
दरोगा भर्ती परीक्षा में शामिल अभ्यर्थियों के लिए उत्तर कुंजी का विवाद महत्वपूर्ण है, क्योंकि प्रश्नों के उत्तर में बदलाव होने की स्थिति में परिणाम और मेरिट पर इसका असर पड़ सकता है। अब सरकार के जवाब और कोर्ट के अगले आदेश के बाद भर्ती प्रक्रिया की आगे की दिशा तय होगी।

