जिसका अंतिम संस्कार किया, 20 दिन बाद वह जिंदा मिला; फिर मरने वाला कौन? संभल पुलिस भी चकरा गई
उत्तर प्रदेश के संभल जिले में एक हैरान करने वाली घटना सामने आई है। पुलिस और परिवार के बीच गलत पहचान के कारण एक युवक का अंतिम संस्कार कर दिया गया। लेकिन, जिसे मरा हुआ समझकर अंतिम संस्कार कर दिया गया था, वह जिंदा मिला। मंगलवार, 13 जनवरी को पुलिस को वह जिंदा मिला। अब पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि यह बेरहमी से की गई हत्या किसकी थी।
यह घटना 24 दिसंबर की है। संभल के बहजोई थाना क्षेत्र के चांदनी चौक खंडार मार्केट में एक युवक का शव मिला। युवक की हत्या ईंट से सिर कुचलकर की गई थी। उसके सिर के पिछले हिस्से पर गहरे घाव थे। शव के पास मिले बैग, हाथ पर बने टैटू और उसकी लंबाई के आधार पर शव की पहचान गोलागंज निवासी सुशील कुमार के रूप में हुई।
परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और पोस्टमॉर्टम के बाद काली मंदिर श्मशान घाट पर शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। इसी बीच पुलिस को एक मुखबिर से सूचना मिली कि सुशील जिंदा है। मंगलवार को पुलिस को वह एक चौराहे पर मिला। अब पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि जिस युवक की हत्या हुई, वह कौन था।
संभल पुलिस ने इस गलती के बारे में क्या कहा?
संभल पुलिस का कहना है कि वे इस बात की जांच कर रहे हैं कि सुशील की जगह किसकी बॉडी का अंतिम संस्कार किया गया। मृतक की हत्या किसने की? पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या सुशील ने खुद अपने फायदे के लिए अपनी मौत का नाटक किया और किसी और की हत्या करके उसका अंतिम संस्कार करवा दिया। पुलिस सुशील से पूछताछ करेगी।
संभल ASP अनुकृति शर्मा ने कहा कि इस मामले में बॉडी की पहचान गलती से हो गई थी। जिस युवक को मृत घोषित किया गया था, वह जिंदा मिला है। अब अज्ञात बॉडी की पहचान और हत्या की जांच की जा रही है।

