उन्नाव में गंगा ने पार किया खतरे का निशान, जलस्तर 113.02 मीटर पहुंचा; तटवर्ती इलाकों में बढ़ी चिंता
जिले में लगातार बारिश और बांधों से छोड़े जा रहे पानी के कारण गंगा नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। बुधवार शाम गंगा खतरे के निशान को पार कर गई। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, बुधवार शाम 6 बजे नदी का जलस्तर 113.00 मीटर दर्ज किया गया था, जो गुरुवार को बढ़कर 113.02 मीटर पहुंच गया।
गंगा के खतरे के निशान पार करते ही नदी किनारे बसे इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। प्रशासन ने तटवर्ती क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।
बारिश और बांधों से छोड़े पानी का असर
लगातार हो रही बारिश और ऊपरी क्षेत्रों से आने वाले पानी के कारण गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। नदी में पानी बढ़ने से निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ने लगी हैं।
गंगा किनारे बसे गांवों में लोग जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं। कई जगह खेतों में पानी पहुंचने की आशंका जताई जा रही है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।
तटवर्ती इलाकों में प्रशासन अलर्ट
गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन और संबंधित विभागों को अलर्ट कर दिया गया है। अधिकारियों की टीमें नदी किनारे के इलाकों का निरीक्षण कर रही हैं और संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने की तैयारियां की जा रही हैं।
प्रशासन ने लोगों से नदी के आसपास जाने से बचने और किसी भी आपात स्थिति में तुरंत सूचना देने की अपील की है।
बढ़ते जलस्तर पर लगातार नजर
अधिकारियों के मुताबिक, गंगा के जलस्तर में उतार-चढ़ाव पर लगातार नजर रखी जा रही है। अगर बारिश का सिलसिला जारी रहा या ऊपरी क्षेत्रों से पानी की आवक बढ़ी तो हालात और चुनौतीपूर्ण हो सकते हैं।
फिलहाल उन्नाव में गंगा खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। प्रशासन राहत और बचाव व्यवस्था को लेकर पूरी तरह सतर्क है।

