दवा कारोबारी विनीत मिनोचा हत्याकांड: 21 दिन बाद जेल से बाहर आई बहू शालू, बोली- निर्दोष हूं, अब कानपुर नहीं जाऊंगी
कानपुर में दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की हत्या की साजिश के आरोप में जेल भेजी गई उनकी बहू शालू की 21 दिन बाद रिहाई हो गई। जेल से बाहर आने के बाद शालू ने एक बार फिर खुद को निर्दोष बताया। उन्होंने कहा कि वह शुरुआत से ही कहती आ रही हैं कि उन्होंने कुछ नहीं किया और उन्हें इस मामले में गलत तरीके से फंसाया गया।
जेल से बाहर आने के बाद शालू ने कहा कि वह अब कानपुर नहीं जाएंगी। उन्होंने कहा कि वह अपने ऊपर लगे आरोपों को लेकर पहले भी अपनी बात स्पष्ट कर चुकी हैं और आगे भी कानूनी प्रक्रिया के तहत अपना पक्ष रखेंगी।
21 दिन जेल में रहने के बाद मिली रिहाई
विनीत मिनोचा की हत्या के मामले में पुलिस ने शालू को साजिश में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद उन्हें जेल भेज दिया गया था। करीब 21 दिन जेल में रहने के बाद अब उनकी रिहाई हुई है।
जेल से बाहर आने के बाद शालू ने मीडिया से बातचीत में कहा कि वह शुरू से ही अपनी बेगुनाही की बात कहती रही हैं। उनका कहना था कि उन्होंने कोई अपराध नहीं किया है।
‘मैंने कुछ नहीं किया’
शालू ने कहा कि वह लगातार यह कहती रही हैं कि उन्होंने कुछ नहीं किया। उनके मुताबिक, मामले में उनका नाम आने के बाद उन्हें काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। अब जेल से बाहर आने के बाद वह आगे की कानूनी प्रक्रिया पर ध्यान देंगी।
उन्होंने यह भी कहा कि अब वह कानपुर नहीं जाएंगी। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि वह आगे कहां रहेंगी या उनका अगला कदम क्या होगा।
हत्या की साजिश के आरोप में हुई थी गिरफ्तारी
पुलिस ने विनीत मिनोचा की हत्या के मामले में जांच के दौरान शालू को कथित साजिश से जोड़ते हुए गिरफ्तार किया था। हालांकि, शालू लगातार इन आरोपों से इनकार करती रही हैं।
जेल से रिहाई के बाद उनके बयान ने मामले को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है। अब इस केस में पुलिस की जांच और अदालत की आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी। मामले में लगाए गए आरोपों का अंतिम निर्धारण न्यायिक प्रक्रिया के जरिए ही होगा।

