जासूसी नेटवर्क मामले में बड़ा खुलासा: ATS पूछताछ में RSS दफ्तर से जुड़ी संवेदनशील जानकारी लीक करने के आरोप, कई युवाओं के नाम सामने आने की आशंका
Anti-Terrorism Squad (ATS) की जांच में एक कथित जासूसी नेटवर्क को लेकर बड़ा खुलासा सामने आया है। मामला उस आरोप से जुड़ा है जिसमें Rashtriya Swayamsevak Sangh (RSS) से जुड़े दफ्तर की गतिविधियों की संवेदनशील जानकारी कथित रूप से पाकिस्तान को भेजे जाने का दावा किया गया है।
जांच के दौरान गिरफ्तार आरोपियों दानियाल अशरफ और कृष्णा मिश्रा से हुई पूछताछ में कई अहम जानकारियां सामने आई हैं। शुरुआती जांच रिपोर्ट के अनुसार, दोनों आरोपियों ने कुछ अन्य युवाओं को भी इस नेटवर्क से जोड़ने की बात स्वीकार की है, जिससे जांच एजेंसियों की चिंता बढ़ गई है।
ATS अधिकारियों का कहना है कि यह मामला एक संगठित नेटवर्क की ओर इशारा करता है, जिसमें डिजिटल माध्यमों का उपयोग कर संवेदनशील जानकारी एकत्र की जाती थी और फिर उसे विदेशों तक पहुंचाया जाता था। हालांकि, जांच एजेंसी ने अभी तक किसी निष्कर्ष की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की तह तक पहुंचने के लिए पूछताछ जारी है।
सूत्रों के मुताबिक, जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि यह नेटवर्क कितने समय से सक्रिय था और इसमें किन-किन लोगों की भूमिका रही है। कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, मोबाइल फोन और डिजिटल डेटा को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।
Anti-Terrorism Squad ने स्पष्ट किया है कि सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच की जा रही है और यदि किसी भी तरह की राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी चूक सामने आती है, तो उसके अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल, मामले की जांच जारी है और सुरक्षा एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हैं।

