राम मंदिर से जुड़े चढ़ावे और कथित अनियमितताओं के मामले को लेकर देशभर के संत समाज में नाराजगी देखने को मिल रही है। संतों का कहना है कि यह मर्यादा और आस्था की नगरी अयोध्या है, जहां पारदर्शिता और जवाबदेही बेहद जरूरी है।
संतों ने उठाए सवाल
संतों का कहना है कि करोड़ों रुपये के चढ़ावे से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जानकारी सामने आने के बाद भी जिम्मेदारी तय नहीं की जा रही है। उनका आरोप है कि इस मामले में ट्रस्ट की ओर से स्पष्ट जवाब नहीं दिया जा रहा है।
जवाबदेही की मांग
संत समाज ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और यदि किसी भी स्तर पर गड़बड़ी हुई है तो उसकी जिम्मेदारी तय की जाए। साथ ही चढ़ावे के प्रबंधन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की बात कही गई है।
धार्मिक आस्था से जुड़ा मामला
यह पूरा मामला धार्मिक आस्था से जुड़ा होने के कारण और अधिक संवेदनशील हो गया है। श्रद्धालुओं के बीच भी इस मुद्दे को लेकर चर्चा जारी है।
प्रशासनिक प्रतिक्रिया का इंतजार
फिलहाल इस मामले पर ट्रस्ट या प्रशासन की ओर से विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

