राजस्थान में बदला मौसम, सवाई माधोपुर में 5 घंटे तक बारिश; वीडियो में जाने 22-23 अक्टूबर को फिर सक्रिय होगा वेस्टर्न डिस्टर्बेंस
राजस्थान में वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के असर से मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। सोमवार सुबह सवाई माधोपुर में अलसुबह 3 बजे से सुबह 8 बजे तक रुक-रुककर बारिश हुई। इस दौरान कभी रिमझिम तो कभी तेज बारिश दर्ज की गई। बारिश के बाद मौसम में ठंडक बढ़ गई है। वहीं, खेतों में पककर तैयार हो रही फसलों को लेकर किसानों की चिंता भी बढ़ गई है।
सवाई माधोपुर में फसलों को नुकसान की आशंका
जिले के खंडार क्षेत्र में खेतों में फसलें लगभग पककर तैयार हैं। ऐसे समय में बारिश होने से किसानों को फसल खराब होने का डर सता रहा है। किसानों की चिंता है कि यदि आगे भी बारिश होती है, तो तैयार फसलों को नुकसान पहुंच सकता है। हालांकि, नुकसान की वास्तविक स्थिति का आकलन बारिश रुकने और खेतों की स्थिति देखने के बाद ही हो सकेगा।
जयपुर-अजमेर समेत कई जिलों में हुई बारिश
इससे पहले रविवार को भी प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम बदला रहा। जयपुर, सवाई माधोपुर, टोंक, बारां और अजमेर समेत कई जिलों में बारिश हुई। जयपुर और अजमेर में ओले गिरने की भी जानकारी सामने आई। दिनभर धूप कमजोर रहने के कारण तापमान में बढ़ोतरी नहीं हुई और लोगों को सामान्य से कम तापमान का अहसास हुआ।मौसम में आए बदलाव का असर रात के साथ-साथ दिन में भी देखने को मिला। कई इलाकों में हल्की सर्दी महसूस की गई। रविवार को राजस्थान के 10 से अधिक शहरों में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया।
अगले तीन-चार दिन मौसम शुष्क रहने की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार, सोमवार से प्रदेश में अगले तीन से चार दिनों तक मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने की संभावना है। ऐसे में बारिश की गतिविधियों में कमी आ सकती है। हालांकि, 22 और 23 अक्टूबर को एक नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय होने की संभावना जताई गई है। इसके प्रभाव से प्रदेश के कुछ हिस्सों में मौसम फिर बदल सकता है।
किसानों को मौसम पर नजर रखने की सलाह
बारिश के कारण उन किसानों की चिंता बढ़ सकती है, जिनकी फसलें कटाई के लिए तैयार हैं। ऐसे में किसानों को मौसम के ताजा पूर्वानुमान पर नजर रखने और कृषि विभाग की सलाह के अनुसार फसल की सुरक्षा के उपाय करने चाहिए।फिलहाल राजस्थान में मौसम का मिजाज बदला हुआ है। रविवार की बारिश और सोमवार सुबह सवाई माधोपुर में हुई बरसात के बाद अब सबकी नजर 22-23 अक्टूबर को संभावित नए वेस्टर्न डिस्टर्बेंस पर है।

