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जयपुर में 1 अगस्त से बदलेगा ई-रिक्शा संचालन का सिस्टम, हर वाहन पर होगा QR कोड और कलर कोड, बिना रजिस्ट्रेशन होगी कार्रवाई

जयपुर में 1 अगस्त से बदलेगा ई-रिक्शा संचालन का सिस्टम, हर वाहन पर होगा QR कोड और कलर कोड, बिना रजिस्ट्रेशन होगी कार्रवाई

राजस्थान की राजधानी जयपुर में ई-रिक्शा संचालन को अधिक व्यवस्थित, सुरक्षित और पारदर्शी बनाने के लिए पुलिस कमिश्नरेट बड़ा बदलाव करने जा रहा है। शहर में 1 अगस्त से 'ई-रिक्शा QR कोड डिजिटल मैनेजमेंट सिस्टम' लागू किया जाएगा। इस नई व्यवस्था के तहत सभी ई-रिक्शा का डिजिटल पंजीकरण किया जाएगा और प्रत्येक वाहन को यूनिक QR कोड तथा कलर कोड जारी किया जाएगा। इसके साथ ही ई-रिक्शों का संचालन तय किए गए जोन के अनुसार ही किया जाएगा।

यह पहल जयपुर पुलिस कमिश्नर सचिन मित्तल के निर्देश पर शुरू की जा रही है। इसका उद्देश्य शहर में बढ़ती ई-रिक्शा संख्या को व्यवस्थित करना, यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाना और बिना अनुमति या नियमों का उल्लंघन कर चलने वाले ई-रिक्शों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।

नई व्यवस्था के तहत पूरे जयपुर शहर को अलग-अलग जोन में विभाजित किया जाएगा। प्रत्येक जोन के लिए अलग कलर कोड निर्धारित होगा और उसी रंग का स्टिकर संबंधित ई-रिक्शा पर लगाया जाएगा। इससे पुलिस और यातायात अधिकारियों को यह पहचानने में आसानी होगी कि कोई वाहन किस क्षेत्र में संचालन के लिए अधिकृत है। यदि कोई ई-रिक्शा अपने निर्धारित जोन से बाहर संचालित होता पाया जाता है, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है।

इसके अलावा प्रत्येक ई-रिक्शा पर एक यूनिक QR कोड भी लगाया जाएगा। इस QR कोड को स्कैन करते ही वाहन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी, जैसे वाहन का पंजीकरण, चालक का विवरण, संचालन क्षेत्र और अन्य आवश्यक रिकॉर्ड तुरंत उपलब्ध हो जाएंगे। इससे वाहनों की पहचान आसान होगी और फर्जी या बिना पंजीकरण वाले ई-रिक्शों पर प्रभावी रोक लगाई जा सकेगी।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार इस डिजिटल सिस्टम से ई-रिक्शा संचालन की पूरी प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनेगी। यातायात प्रबंधन को मजबूत करने के साथ-साथ यात्रियों की सुरक्षा भी बढ़ेगी। किसी शिकायत, दुर्घटना या विवाद की स्थिति में संबंधित वाहन और चालक की जानकारी तत्काल प्राप्त की जा सकेगी, जिससे कार्रवाई में तेजी आएगी।

जयपुर पुलिस कमिश्नरेट ने सभी ई-रिक्शा संचालकों से अपील की है कि वे समय रहते अपने वाहनों का पंजीकरण कराकर QR कोड और कलर कोड प्राप्त कर लें। 1 अगस्त से बिना QR कोड, बिना निर्धारित पहचान या नियमों का पालन किए संचालित होने वाले ई-रिक्शों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

शहर में ई-रिक्शा सार्वजनिक परिवहन का एक महत्वपूर्ण साधन बन चुके हैं। ऐसे में डिजिटल मैनेजमेंट सिस्टम लागू होने से अव्यवस्थित संचालन पर रोक लगेगी, ट्रैफिक व्यवस्था बेहतर होगी और यात्रियों को अधिक सुरक्षित एवं भरोसेमंद परिवहन सुविधा मिलने की उम्मीद है। पुलिस का मानना है कि यह पहल जयपुर को स्मार्ट ट्रैफिक मैनेजमेंट की दिशा में एक और मजबूत कदम साबित होगी।

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