जन्मदिन पर सचिन पायलट ने याद किया टेरिटोरियल आर्मी में शामिल होने का दिन, वीडियो में बोले- गर्व और पक्के संकल्प के साथ पूरा किया सफर
कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और पंजाब प्रभारी सचिन पायलट ने अपने जन्मदिन के मौके पर टेरिटोरियल आर्मी से जुड़ने के दिन को याद किया। सोमवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए पायलट ने टेरिटोरियल आर्मी की अपनी यूनिट 124 सिख रेजिमेंट का हिस्सा होने को गर्व की बात बताया। उन्होंने वर्ष 2012 में सेना में लेफ्टिनेंट के तौर पर कमीशन मिलने से लेकर इस सफर के दौरान सामने आई चुनौतियों और जिम्मेदारियों का भी जिक्र किया।
सचिन पायलट को हाल ही में कांग्रेस ने पंजाब के प्रभारी महासचिव की जिम्मेदारी सौंपी है। शनिवार को पार्टी की ओर से उनके नए दायित्व का ऐलान किया गया था। इसके बाद अपने जन्मदिन पर किए गए पोस्ट में पायलट ने राजनीति और सैन्य सेवा के बीच संतुलन बनाने के अनुभव को साझा किया।
2012 में टेरिटोरियल आर्मी में हुए थे शामिल
सचिन पायलट ने X पर लिखा कि वर्ष 2012 में इसी दिन तत्कालीन सेनाध्यक्ष जनरल विक्रम सिंह ने उन्हें टेरिटोरियल आर्मी में लेफ्टिनेंट के तौर पर कमिशन्ड किया था। उन्होंने इस दिन को अपने जीवन के महत्वपूर्ण पड़ावों में से एक बताया।पायलट ने कहा कि पीछे मुड़कर देखने पर उन्हें लगता है कि केंद्रीय मंत्री के तौर पर काम करते हुए टेरिटोरियल आर्मी में कमीशन मिलना अपने आप में कई चुनौतियों और जिम्मेदारियों वाला अनुभव था।
राजनीति और सेना की जिम्मेदारियों के बीच संतुलन की चुनौती
अपने पोस्ट में सचिन पायलट ने बताया कि सार्वजनिक जीवन में मिली जिम्मेदारियों के साथ सेना की सेवा के लिए जरूरी अनुशासन और समर्पण के बीच संतुलन बनाना आसान नहीं था। हालांकि, उन्होंने इसे अपने जीवन का ऐसा सफर बताया, जिसे उन्होंने बेहद गर्व और पक्के संकल्प के साथ पूरा किया।उन्होंने सैन्य सेवा से मिले अनुशासन और जिम्मेदारी की भावना को भी अपने अनुभव का अहम हिस्सा बताया। पायलट के मुताबिक, लोगों के प्रति अपनी जिम्मेदारियों के साथ सेना की सेवा को निभाना चुनौतीपूर्ण था, लेकिन यह अनुभव उनके लिए बेहद महत्वपूर्ण रहा।
124 सिख रेजिमेंट का हिस्सा होने पर गर्व
सचिन पायलट ने टेरिटोरियल आर्मी की अपनी यूनिट 124 सिख रेजिमेंट का हिस्सा होने को गर्व की बात बताया। उन्होंने अपने सैन्य सफर को याद करते हुए कहा कि यह अनुभव उनके लिए सिर्फ एक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि गर्व और प्रतिबद्धता से जुड़ा रहा है।टेरिटोरियल आर्मी में सेवा के दौरान उन्हें नागरिक जीवन और सैन्य जिम्मेदारियों के बीच तालमेल बनाना पड़ा। यही वजह है कि जन्मदिन पर अपने पुराने अनुभव को याद करते हुए पायलट ने इस सफर को विशेष महत्व दिया।
अब पंजाब कांग्रेस की जिम्मेदारी
सचिन पायलट को शनिवार को कांग्रेस ने पंजाब का प्रभारी महासचिव नियुक्त किया है। पार्टी संगठन में इस नई जिम्मेदारी के साथ अब उनकी भूमिका पंजाब में कांग्रेस के संगठनात्मक कामकाज को संभालने की भी होगी।ऐसे समय में जब पायलट ने अपने जन्मदिन पर टेरिटोरियल आर्मी से जुड़ी पुरानी यादें साझा कीं, उनका यह पोस्ट सोशल मीडिया पर चर्चा में रहा। उन्होंने अपने सैन्य सफर को अनुशासन, समर्पण और जिम्मेदारी से जोड़ते हुए इसे गर्व का अनुभव बताया।

