रणथंभौर टाइगर रिजर्व में फर्जी टिकट पर सफारी का खुलासा, दो नेचर गाइडों पर प्रवेश प्रतिबंध
राजस्थान के प्रसिद्ध रणथंभौर टाइगर रिजर्व में पर्यटकों को फर्जी टिकट के जरिए सफारी कराने के एक बड़े मामले का खुलासा हुआ है। जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए दो नेचर गाइडों पर पार्क में प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया है।
जानकारी के अनुसार, यह मामला लंबे समय से चल रहे अनियमित टिकटिंग और पर्यटक बुकिंग से जुड़ा हुआ बताया जा रहा है। जांच में सामने आया कि कुछ गाइड फर्जी या अवैध टिकटों के जरिए पर्यटकों को जंगल सफारी करवा रहे थे, जिससे राजस्व को भी नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है।
डीएफओ की ओर से रिपोर्ट के आधार पर दो नेचर गाइडों के खिलाफ कार्रवाई की गई है और उन्हें तुरंत प्रभाव से रिजर्व क्षेत्र में प्रवेश करने से रोक दिया गया है।
हालांकि, इस कार्रवाई के बाद वन विभाग की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय सूत्रों और जानकारों का कहना है कि इस तरह की अनियमितताएं लंबे समय से चल रही थीं, लेकिन उन पर समय रहते सख्त कार्रवाई नहीं की गई।
पर्यटन से जुड़े हितधारकों का कहना है कि रणथंभौर जैसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध टाइगर रिजर्व में इस तरह की घटनाएं पर्यटन की छवि को नुकसान पहुंचा सकती हैं।
फिलहाल वन विभाग ने मामले की आगे जांच शुरू कर दी है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हो सकते हैं।
प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जांच के आधार पर आगे और भी कड़ी कार्रवाई की जा सकती है ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।

