Samachar Nama
×

राजस्थान शिक्षा विभाग की योजना: बसंत पंचमी पर सरकारी स्कूलों में बड़े स्तर पर पीटीएम, 65 लाख अभिभावकों की भागीदारी का लक्ष्य

राजस्थान शिक्षा विभाग की योजना: बसंत पंचमी पर सरकारी स्कूलों में बड़े स्तर पर पीटीएम, 65 लाख अभिभावकों की भागीदारी का लक्ष्य

राजस्थान शिक्षा विभाग ने एक विशेष योजना के तहत इस साल बसंत पंचमी के अवसर पर सरकारी स्कूलों में व्यापक स्तर पर पेरेंट्स-टीचर्स मीटिंग (PTM) आयोजित करने का ऐलान किया है। इस पहल का उद्देश्य न केवल अभिभावकों और शिक्षकों के बीच बेहतर संवाद स्थापित करना है, बल्कि बच्चों की शिक्षा और उनकी समग्र विकास प्रक्रिया में अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी को बढ़ावा देना है।

विभाग ने इस बार की पीटीएम के लिए 65 लाख अभिभावकों की भागीदारी का लक्ष्य रखा है। शिक्षा अधिकारियों का कहना है कि यह एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे प्रत्येक स्कूल और शिक्षक अपने विद्यार्थियों की प्रगति और उनकी आवश्यकताओं पर सीधे चर्चा कर सकेंगे। साथ ही, अभिभावक भी अपने बच्चों के शैक्षणिक प्रदर्शन और मानसिक तथा सामाजिक विकास के बारे में महत्वपूर्ण सुझाव और प्रतिक्रिया दे पाएंगे।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री भजनलाल भी उपस्थित रहेंगे और बच्चों के लिए विशेष तोहफे वितरित करेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा विभाग की यह पहल राजस्थान में शिक्षा के क्षेत्र में अभिभावकों की भूमिका को और मजबूत करेगी। उन्होंने यह भी आश्वस्त किया कि इस तरह की गतिविधियां न केवल बच्चों की पढ़ाई में सुधार लाएंगी, बल्कि उन्हें आत्मविश्वासी और जिम्मेदार नागरिक बनाने में भी मदद करेंगी।

शिक्षा विभाग ने बताया कि पीटीएम में प्रत्येक शिक्षक अपने कक्षा के विद्यार्थियों की उपलब्धियों और जरूरतों की जानकारी साझा करेगा। इसके साथ ही, स्कूल स्तर पर बच्चों की असाइनमेंट, परीक्षाओं के परिणाम, खेलकूद गतिविधियों और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों की जानकारी भी अभिभावकों को प्रदान की जाएगी। विभाग ने इस मौके पर अभिभावकों से अपील की है कि वे इस बैठक में अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करें ताकि बच्चों की शिक्षा को और प्रभावी बनाया जा सके।

इस पहल के तहत बसंत पंचमी के दिन प्रत्येक सरकारी स्कूल में विशेष व्यवस्था की जाएगी। स्कूलों में बैठकें सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक आयोजित की जाएंगी। विभाग ने स्कूल प्रशासन को निर्देश दिए हैं कि वे पीटीएम को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए आवश्यक सभी इंतजाम करें। इसके अलावा, विभाग ने शिक्षक एवं अभिभावक दोनों को डिजिटल माध्यमों के जरिए भी जानकारी साझा करने का विकल्प उपलब्ध कराया है।

विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की पहल शिक्षा में पारदर्शिता और सहभागिता को बढ़ावा देती है। अभिभावक अपने बच्चों की प्रगति और कमजोरियों को सीधे शिक्षक से जान पाएंगे, जिससे घर और स्कूल के बीच बेहतर तालमेल स्थापित होगा।

राजस्थान शिक्षा विभाग की इस पहल से यह संदेश भी मिलता है कि राज्य सरकार शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर सुधार और नवाचार के प्रति प्रतिबद्ध है। बसंत पंचमी के शुभ अवसर पर आयोजित यह पीटीएम केवल एक औपचारिक बैठक नहीं होगी, बल्कि यह बच्चों के उज्जवल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

इस साल की पीटीएम को सफल बनाने के लिए विभाग ने अभिभावकों और शिक्षकों दोनों से सक्रिय भागीदारी की अपील की है। मुख्यमंत्री भजनलाल द्वारा वितरण किए जाने वाले तोहफे भी इस आयोजन को विशेष बनाएंगे और बच्चों में उत्साह और प्रेरणा का संचार करेंगे।

Share this story

Tags