ईरान मिसाइल हमले के बाद नागौर का युवक लापता, ओमान पोर्ट पर क्षतिग्रस्त हुआ शिप
पश्चिम एशिया में जारी इजरायल-अमेरिका-ईरान तनाव के बीच राजस्थान के नागौर जिले से चिंताजनक खबर सामने आई है। नागौर जिले के खिंवताना गांव निवासी दिलीप सिंह के लापता होने की सूचना मुंबई स्थित एसकेएस (कृषि) कंपनी द्वारा परिजनों को दी गई है। घटना के बाद गांव में चिंता और बेचैनी का माहौल है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार दिलीप सिंह एक क्रूड ऑयल कंपनी के शिप पर कार्यरत थे। 1 मार्च की सुबह ओमान के एक पोर्ट पर उनके जहाज पर ईरान की मिसाइल गिरने की सूचना मिली। हमले में शिप पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गया। बताया जा रहा है कि उस समय दिलीप सिंह जहाज के अगले हिस्से में मौजूद थे।
सहकर्मी का शव मिला, दिलीप अब भी लापता
घटना के समय दिलीप सिंह के साथ पायलट आशीष कुमार भी मौजूद थे, जो बिहार के रहने वाले थे। हादसे के बाद आशीष कुमार का शव बरामद कर लिया गया है। हालांकि, दिलीप सिंह का अब तक कोई पता नहीं चल पाया है। इसी के चलते कंपनी ने उन्हें लापता घोषित करते हुए परिवार को सूचना दी है।
परिजनों के अनुसार कंपनी की ओर से फोन पर हादसे की जानकारी दी गई। सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। गांव में भी शोक और चिंता का माहौल है। परिजन सरकार से मदद की गुहार लगा रहे हैं ताकि दिलीप सिंह की खोजबीन तेज की जा सके।
प्रशासन से लगाई गुहार
स्थानीय स्तर पर प्रशासन को भी मामले की जानकारी दी गई है। परिजन विदेश मंत्रालय और संबंधित एजेंसियों से संपर्क साधने की कोशिश कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि दिलीप परिवार का सहारा था और उसकी सकुशल वापसी के लिए पूरा गांव प्रार्थना कर रहा है।
युद्ध के असर से बढ़ी चिंता
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव का असर अब भारतीय नागरिकों पर भी दिखाई देने लगा है। ओमान पोर्ट पर हुए इस हमले ने समुद्री सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल कंपनी और संबंधित एजेंसियां लापता कर्मियों की तलाश में जुटी हैं।
दिलीप सिंह के परिजन उनकी सुरक्षित वापसी की उम्मीद में हर पल बेचैनी से खबर का इंतजार कर रहे हैं। गांव में दुआओं और प्रार्थनाओं का दौर जारी है।

