राजस्थान में जल जीवन मिशन (जेजेएम) के तहत हुए कथित हजारों करोड़ रुपए के घोटाले को लेकर भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने जांच तेज कर दी है। प्रदेशभर में पेयजल परियोजनाओं में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोपों के बीच एसीबी अब मामले की गहराई से जांच में जुट गई है। इस कार्रवाई से संबंधित विभागों और ठेकेदारों में हड़कंप मचा हुआ है।
सूत्रों के अनुसार जांच एजेंसी को कई परियोजनाओं में वित्तीय अनियमितताओं, फर्जी बिलिंग, गुणवत्ता में कमी और नियमों की अनदेखी के संकेत मिले हैं। आरोप है कि जलापूर्ति योजनाओं के नाम पर करोड़ों रुपए का भुगतान किया गया, लेकिन कई स्थानों पर कार्य या तो अधूरे मिले या तय मानकों के अनुसार नहीं किए गए।
एसीबी की टीमें विभिन्न जिलों में दस्तावेजों की जांच, रिकॉर्ड खंगालने और संबंधित अधिकारियों से पूछताछ कर रही हैं। विभागीय फाइलों, भुगतान रिकॉर्ड और टेंडर प्रक्रिया की भी बारीकी से जांच की जा रही है। बताया जा रहा है कि जांच के दायरे में कई अधिकारी, इंजीनियर और ठेकेदार आ सकते हैं।
जानकारी के मुताबिक जेजेएम के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के लिए बड़े स्तर पर बजट जारी किया गया था। लेकिन कई जगहों पर पाइपलाइन कार्य, टंकियों के निर्माण और जल कनेक्शन में गंभीर गड़बड़ियों की शिकायतें सामने आई थीं। इसके बाद सरकार और जांच एजेंसियों ने मामले को गंभीरता से लिया।
एसीबी अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी निष्पक्षता और तथ्यों के आधार पर की जा रही है। जहां भी भ्रष्टाचार या सरकारी धन के दुरुपयोग के प्रमाण मिलेंगे, वहां संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। कुछ मामलों में तकनीकी विशेषज्ञों की मदद से निर्माण कार्यों की गुणवत्ता का परीक्षण भी कराया जा रहा है।
राजनीतिक स्तर पर भी यह मामला लगातार चर्चा में बना हुआ है। विपक्ष सरकार पर भ्रष्टाचार को लेकर सवाल उठा रहा है, जबकि सरकार का कहना है कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। जांच एजेंसियों को स्वतंत्र रूप से कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों का कहना है कि योजना का उद्देश्य हर घर तक पानी पहुंचाना था, लेकिन कई गांवों में आज भी लोगों को पर्याप्त पेयजल सुविधा नहीं मिल पा रही है। ऐसे में घोटाले के आरोपों ने लोगों की चिंता और बढ़ा दी है।
अब एसीबी की तेज होती जांच पर पूरे प्रदेश की नजर बनी हुई है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मामले में कई बड़े खुलासे और अहम कार्रवाई सामने आ सकती है।

