उत्तर भारत में गर्मी का कहर, वीडियो में देंखे पंजाब ने बदले स्कूल-दफ्तरों के समय; केरल तट पर अटका मानसून
देश के कई राज्यों में इस समय भीषण गर्मी लोगों के लिए बड़ी परेशानी बन गई है। उत्तर-पश्चिम भारत से लेकर मध्य और पश्चिमी हिस्सों तक तापमान लगातार रिकॉर्ड स्तर पर बना हुआ है। पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश और उत्तर प्रदेश में गर्म हवाओं ने लोगों का जीना मुश्किल कर दिया है। वहीं गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में भी गर्मी का सबसे खतरनाक दौर जारी है।
तेज धूप और लू के चलते दोपहर के समय सड़कें सूनी नजर आने लगी हैं। कई शहरों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी राहत मिलने की संभावना कम बताई है। खासतौर पर राजस्थान, पंजाब और हरियाणा में हालात ज्यादा गंभीर बने हुए हैं।
बढ़ती गर्मी को देखते हुए पंजाब सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। राज्य सरकार ने सरकारी दफ्तरों और स्कूलों के समय में बदलाव कर दिया है। नए आदेश के मुताबिक अब सरकारी स्कूल और सरकारी कार्यालय सुबह 7:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक ही खुलेंगे। सरकार का कहना है कि बच्चों, शिक्षकों और कर्मचारियों को लू और तेज गर्मी से बचाने के लिए यह फैसला लिया गया है।
उधर, दिल्ली-NCR में भी लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। दिन के समय गर्म हवाओं के कारण बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। अस्पतालों में हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। डॉक्टर लोगों को ज्यादा से ज्यादा पानी पीने और दोपहर में घर से बाहर न निकलने की सलाह दे रहे हैं।
दक्षिण-पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में हालांकि मौसम का मिजाज बदला हुआ है। केरल, तमिलनाडु और कर्नाटक के तटीय इलाकों में लगातार बारिश हो रही है। इसके बावजूद मानसून अभी तक पूरी तरह केरल में प्रवेश नहीं कर पाया है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक मानसून पिछले तीन दिनों से केरल तट से करीब 30 से 35 किलोमीटर दूर अटका हुआ है।
विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के आगे बढ़ने के लिए जिन जरूरी मौसम संबंधी परिस्थितियों की आवश्यकता होती है, वे फिलहाल पूरी नहीं हो पा रही हैं। समुद्री हवाओं की गति और वातावरण में नमी का स्तर अभी अनुकूल नहीं बना है। यही वजह है कि बारिश होने के बावजूद मानसून की आधिकारिक एंट्री में देरी हो रही है।
मौसम विभाग के अनुसार यदि परिस्थितियां अनुकूल रहीं तो अगले कुछ दिनों में मानसून केरल में दस्तक दे सकता है। इसके बाद देश के अन्य हिस्सों में भी धीरे-धीरे गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद बढ़ जाएगी। फिलहाल उत्तर और मध्य भारत के करोड़ों लोग मानसून का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बार मई के अंत में पड़ रही भीषण गर्मी आने वाले मानसून सीजन को भी प्रभावित कर सकती है। वहीं कृषि क्षेत्र से जुड़े लोग भी बारिश की शुरुआत का इंतजार कर रहे हैं, क्योंकि समय पर मानसून पहुंचना खरीफ फसलों के लिए बेहद जरूरी माना जाता है।

