सोना-चांदी ने तोड़े सभी रिकॉर्ड, वीडियो में जानें राजस्थान में सोना डेढ लाख, चांदी 3 लाख 12 हज़ार के ऑल टाइम हाई पर
दुनियाभर के वैश्विक बाजारों में जारी आर्थिक और भू-राजनीतिक अस्थिरता का सीधा असर अब कीमती धातुओं पर साफ दिखाई देने लगा है। निवेशकों के बीच सुरक्षित निवेश (सेफ हेवन) की बढ़ती मांग के चलते सोना और चांदी लगातार नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं। इसी कड़ी में भारतीय बाजार, खासकर राजस्थान में सोने और चांदी की कीमतों ने अब तक के सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं।
मंगलवार को राजस्थान में स्टैंडर्ड सोने की कीमत में एक ही दिन में 4,500 रुपये की बड़ी तेजी दर्ज की गई। इस उछाल के बाद 10 ग्राम सोना 1 लाख 50 हजार 250 रुपये के ऑल टाइम हाई स्तर पर पहुंच गया। सर्राफा बाजार से जुड़े व्यापारियों के मुताबिक, यह अब तक का सबसे ऊंचा स्तर है और इससे पहले सोना कभी इतनी महंगाई पर नहीं पहुंचा था। लगातार बढ़ती कीमतों ने आम ग्राहकों के साथ-साथ ज्वैलरी कारोबारियों को भी चौंका दिया है।
सोने के साथ-साथ चांदी की कीमतों में भी ऐतिहासिक उछाल देखने को मिला है। मंगलवार को चांदी के भाव में एक ही दिन में 12 हजार रुपये प्रति किलो की तेजी दर्ज की गई। इसके बाद 1 किलो चांदी की कीमत 3 लाख 12 हजार रुपये तक पहुंच गई, जो अब तक का सबसे ऊंचा स्तर माना जा रहा है। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि चांदी में यह तेजी औद्योगिक मांग और निवेशकों की मजबूत खरीदारी का नतीजा है।
वैश्विक स्तर पर जारी तनाव, अमेरिका और यूरोप की मौद्रिक नीतियों में अनिश्चितता, डॉलर में उतार-चढ़ाव और शेयर बाजारों की कमजोरी ने निवेशकों को कीमती धातुओं की ओर आकर्षित किया है। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी सोने और चांदी की कीमतों में मजबूती बनी हुई है, जिसका असर सीधे भारतीय सर्राफा बाजार पर पड़ रहा है।
राजस्थान के सर्राफा कारोबारियों का कहना है कि इतनी तेजी के बाद बाजार में ग्राहकों की संख्या में कमी देखी जा रही है। शादी-विवाह और त्योहारों के सीजन के बावजूद ऊंची कीमतों के कारण आम लोग सोने-चांदी की खरीद से फिलहाल दूरी बना रहे हैं। हालांकि निवेश के लिहाज से अब भी कई लोग सोने और चांदी को सुरक्षित विकल्प मान रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि अगर वैश्विक बाजारों में अस्थिरता इसी तरह बनी रही, तो आने वाले दिनों में सोने और चांदी की कीमतों में और तेजी देखने को मिल सकती है। कुछ जानकारों का यह भी कहना है कि निवेशकों को इस स्तर पर सतर्कता बरतनी चाहिए, क्योंकि अचानक मुनाफावसूली से कीमतों में गिरावट भी आ सकती है।
फिलहाल सोना और चांदी दोनों ही ऐतिहासिक ऊंचाई पर पहुंच चुके हैं और इस रिकॉर्ड तेजी ने न केवल बाजार को चौंकाया है, बल्कि आम लोगों के बजट पर भी सीधा असर डाला है। आने वाले दिनों में वैश्विक संकेतों के आधार पर कीमती धातुओं की कीमतों की दिशा तय होगी।

