आखातीज और शादी सीजन से पहले सोना-चांदी के दामों में हल्की स्थिरता, बाजार में खरीदारी को लेकर बढ़ी हलचल
राजस्थान में आगामी आखातीज और शादियों के सीजन को देखते हुए सर्राफा बाजार में सोना-चांदी के भावों में हाल के दिनों में हल्की स्थिरता देखने को मिली है। लगातार उतार-चढ़ाव के बाद अब कीमतों में स्थिरता आने से निवेशकों और खरीदारों दोनों के लिए यह समय अहम माना जा रहा है।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, शादी-विवाह के सीजन में आमतौर पर सोने-चांदी की मांग बढ़ जाती है, जिससे कीमतों में तेजी की संभावना बनी रहती है। हालांकि, वर्तमान में अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी स्थिरता के संकेत मिलने से घरेलू बाजार में भावों में बड़े बदलाव नहीं देखे जा रहे हैं।
जयपुर सहित राज्य के प्रमुख सर्राफा बाजारों में ग्राहकों की आवाजाही धीरे-धीरे बढ़ने लगी है। कई लोग शादी के लिए गहनों की खरीदारी पहले से ही तय करने लगे हैं, ताकि संभावित बढ़ोतरी से बचा जा सके। ज्वैलर्स का कहना है कि अगले कुछ हफ्तों में मांग और अधिक बढ़ने की संभावना है।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक आर्थिक संकेतकों और डॉलर की स्थिति का असर सीधे तौर पर सोने-चांदी की कीमतों पर पड़ता है। फिलहाल बाजार में कोई बड़ा दबाव या तेजी का ट्रेंड स्पष्ट नहीं है, जिससे कीमतें स्थिर बनी हुई हैं।
स्थानीय सर्राफा व्यापारियों के अनुसार, आखातीज के आसपास खरीदारी का सबसे बड़ा सीजन होता है, जिसमें सोने और चांदी की मांग में तेज उछाल देखा जाता है। ऐसे में कई ग्राहक अभी से खरीदारी कर रहे हैं, ताकि बाद में बढ़े हुए दामों से बचा जा सके।
निवेशकों के लिए भी यह समय महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि लंबे समय के निवेश के लिहाज से सोना अब भी सुरक्षित विकल्प बना हुआ है, जबकि अल्पकालिक उतार-चढ़ाव पर नजर रखना जरूरी है।
फिलहाल बाजार में स्थिरता के चलते खरीदारों को थोड़ी राहत मिली है, लेकिन आने वाले दिनों में मांग बढ़ने के साथ कीमतों में फिर से बदलाव की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
कुल मिलाकर, आखातीज और शादी के सीजन की शुरुआत से पहले सोना-चांदी के बाजार में आई यह स्थिरता खरीदारों और निवेशकों दोनों के लिए रणनीति तय करने का अहम समय साबित हो रही है।

