नागौर में चुनावी रंजिश में फायरिंग, पूर्व प्रधान के भांजे की क्रेटा कार को टक्कर मारकर लगाई आग
राजस्थान के नागौर जिले में चुनावी रंजिश को लेकर दो पक्षों के बीच विवाद का मामला सामने आया है। जायल थाना क्षेत्र के तरनाऊ गांव में सोमवार रात करीब 10:30 बजे हुए घटनाक्रम में स्कॉर्पियो सवार युवकों पर क्रेटा कार को टक्कर मारने, दो राउंड फायरिंग करने और बाद में कार में आग लगाने के आरोप लगे हैं। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की।
तरनाऊ के बाला मार्केट के पास हुआ विवाद
पुलिस के अनुसार, पूर्व प्रधान राजेश सांगवा का भांजा सुरेश अपने साथियों के साथ क्रेटा कार में सांगवा की ओर से जा रहा था। इसी दौरान तरनाऊ गांव के बाला मार्केट के पास स्कॉर्पियो सवार युवकों से उनका सामना हुआ।
आरोप है कि स्कॉर्पियो में सवार दिनेश डुकिया, सीताराम और उनके साथियों ने क्रेटा कार को जोरदार टक्कर मार दी। इसके बाद विवाद बढ़ गया और आरोपियों की ओर से दो राउंड फायरिंग किए जाने की बात सामने आई है। हालांकि, घटना से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
जायल के काछबा चौराहे पर कार में लगाई आग
आरोप है कि फायरिंग के बाद क्रेटा कार को वहां से ले जाकर जायल के काछबा चौराहे के पास सड़क किनारे आग लगा दी गई। आग की लपटों में कार बुरी तरह जल गई। घटना के बाद आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
कार में आग लगाए जाने की सूचना मिलने पर पुलिस सक्रिय हुई और आसपास के इलाकों से पुलिस बल को मौके पर भेजा गया। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले से जुड़े साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई शुरू की।
एसपी आशाराम चौधरी सहित पुलिस अधिकारी पहुंचे
घटना की जानकारी मिलने पर नागौर के एसपी आशाराम चौधरी सहित पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस को घटनास्थल से दो कारतूस मिलने की जानकारी भी सामने आई है। इन कारतूसों को फायरिंग के आरोपों की जांच के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
जायल थानाधिकारी दिलीप सहल के अनुसार, मामले में सामने आए घटनाक्रम की जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि विवाद किन परिस्थितियों में हुआ और फायरिंग तथा कार में आग लगाने की घटना में किन लोगों की भूमिका रही।
चुनावी रंजिश को लेकर जांच जारी
प्रारंभिक जानकारी में विवाद की वजह चुनावी रंजिश बताई जा रही है। पुलिस घटना में शामिल लोगों, दोनों पक्षों के बीच पुरानी रंजिश और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ा रही है।
फिलहाल मामले में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। पुलिस जांच के बाद ही पूरे घटनाक्रम और जिम्मेदार लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।

