कोटा में किसानों की ट्रैक्टर रैली: फसल खराबा पर मुआवजे की मांग जोर पकड़ने लगी
कोटा में आज किसानों ने अपने अधिकारों और मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने ट्रैक्टर रैली निकालकर शहर की सड़कों पर आवाज़ उठाई और सरकार से फसल खराबा होने पर उचित मुआवजा देने की मांग की। यह रैली स्थानीय किसानों की बढ़ती नाराजगी और खेतों में हुई फसल नुकसान के बाद आयोजित की गई।
सूत्रों के अनुसार, रैली में सैकड़ों किसान शामिल हुए, जिनके ट्रैक्टर सड़कों पर कतारबद्ध होकर चल रहे थे। किसानों ने बैनर और प्लेकार्ड्स के माध्यम से अपने संदेश को स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीनों में भारी बारिश और खराब मौसम के कारण उनकी फसलें बर्बाद हो गई हैं, जिससे उनके आर्थिक हालात और अधिक खराब हो गए हैं।
किसानों का कहना है कि सरकार द्वारा मुआवजे के वादों को अब तक लागू नहीं किया गया है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो वे आंदोलन और तेज कर सकते हैं। रैली के दौरान किसानों ने नारे लगाए, अपने ट्रैक्टरों की शोभा बढ़ाई और प्रशासन को अपनी स्थिति समझाने की कोशिश की।
स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने रैली के दौरान ट्रैफिक नियंत्रण और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष इंतजाम किए। अधिकारियों ने कहा कि किसानों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन का समर्थन किया जाता है, लेकिन सार्वजनिक व्यवस्था को बनाए रखना भी उनकी जिम्मेदारी है। रैली के मार्ग में कुछ समय के लिए यातायात बाधित हुआ, जिसके लिए प्रशासन ने नागरिकों से धैर्य बनाए रखने का अनुरोध किया।
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि पिछले कुछ वर्षों में राजस्थान में असमान बारिश और मौसम की अनियमितता के कारण फसल नुकसान की घटनाएं बढ़ी हैं। किसानों की यह मांग मुआवजे और राहत के लिए जायज़ है, क्योंकि कृषि पर निर्भर परिवारों की आजीविका सीधे प्रभावित हो रही है।
किसान नेताओं ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि यह रैली केवल शुरुआत है और वे अपनी मांगों को लेकर दृढ़ हैं। उनका कहना था, “हम चाहते हैं कि हमारी मेहनत और फसल का उचित मूल्य और मुआवजा हमें मिले। हमारी आवाज़ को सुनना और कार्रवाई करना सरकार की जिम्मेदारी है।”
इस रैली ने यह भी दिखाया कि कोटा और आसपास के क्षेत्रों में किसानों में अपनी समस्याओं को लेकर जागरूकता बढ़ रही है। स्थानीय लोग और व्यापारियों ने भी कहा कि किसान आंदोलन से शहर में हल्की बाधा हुई, लेकिन यह जरूरी है कि किसानों की समस्याओं पर ध्यान दिया जाए।
कुल मिलाकर, कोटा में निकाली गई किसानों की ट्रैक्टर रैली ने सरकार और प्रशासन पर दबाव बढ़ा दिया है। फसल खराबा और मुआवजे की मांग को लेकर किसानों की आवाज़ शहर में गूंज रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस मुद्दे का शीघ्र समाधान किसानों की आर्थिक सुरक्षा और ग्रामीण स्थिरता के लिए महत्वपूर्ण है।

