चित्तौड़गढ़ जिले के कपासन कस्बे में सोमवार देर रात एक पेंट बनाने वाली फैक्ट्री में जोरदार आग लग गई, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। यह घटना रीको इंडस्ट्रियल एरिया में हुई, जहां फैक्ट्री के केमिकल टैंक में अचानक धमाका हुआ।
धमाके की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास 5 किलोमीटर दूर तक सुनाई दी। घटना के दौरान फैक्ट्री की छत पर लगे टिन शेड उड़ गए और आसमान में आग की ऊंची-ऊंची लपटें उठती नजर आईं। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी।
दमकल और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने के प्रयास शुरू किए। अधिकारियों ने बताया कि धमाके के कारण फैक्ट्री के भीतर व्यापक नुकसान हुआ है, लेकिन फिलहाल किसी के हताहत होने की जानकारी नहीं मिली है। उन्होंने कहा कि आग पर नियंत्रण पाने के लिए फैक्ट्री के आसपास सुरक्षा घेरे बनाए गए हैं और आसपास के इलाके में रहने वालों को सावधानी बरतने की चेतावनी दी गई है।
फायर ब्रिगेड अधिकारी ने बताया कि आग की प्रकृति के कारण केमिकल टैंक में और भी विस्फोट होने का खतरा है, इसलिए राहत एवं बचाव कार्य सावधानीपूर्वक जारी है। साथ ही, फैक्ट्री के मालिक और कर्मचारियों से पूरी जानकारी जुटाई जा रही है कि आग किस कारण से लगी और सुरक्षा नियमों का पालन हुआ या नहीं।
स्थानीय प्रशासन ने फैक्ट्री क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था तैनात कर दी है और आग लगने के कारणों की जांच शुरू कर दी है। हादसे के बाद इलाके में अफरातफरी का माहौल है, लेकिन दमकल टीम ने लोगों को सुरक्षित रहने की अपील की है।
विशेषज्ञों का कहना है कि केमिकल फैक्ट्री में आग लगना बेहद खतरनाक होता है, इसलिए भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन जरूरी है। आग लगने के बाद फैक्ट्री और आसपास के उद्योग क्षेत्रों में आपातकालीन सुरक्षा उपायों की समीक्षा की जाएगी।
यह हादसा चित्तौड़गढ़ में औद्योगिक सुरक्षा की चेतावनी के रूप में सामने आया है, और प्रशासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए फायर सेफ्टी नियमों का पालन सुनिश्चित करने की तैयारी शुरू कर दी है।

