अलवर में पेड़ काटने के विवाद ने लिया हिंसक रूप, चचेरे भाई ने कुल्हाड़ी से हत्या की
जिले के बगड़ तिराया थाना क्षेत्र में शुक्रवार सुबह एक मामूली विवाद ने अचानक हिंसक घटना का रूप ले लिया। गांव बेरे में चचेरे भाई ने कुल्हाड़ी से हमला कर अपने ही भाई की हत्या कर दी।
स्थानीय पुलिस ने बताया कि विवाद की शुरूआत पेड़ काटने को लेकर हुई थी। मामूली बहस जल्द ही हाथापाई और फिर भयंकर हिंसा में बदल गई। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और गांव में तनाव का माहौल कायम हो गया।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में लिया और आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए तलाश अभियान शुरू कर दिया। अधिकारी इस मामले में कहा कि घटना के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और मृतक के परिवार को न्याय दिलाने के लिए त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
गांववासियों ने बताया कि यह घटना उनके लिए आश्चर्य और डर का कारण बनी है। उन्होंने कहा कि इस तरह की हिंसा न केवल परिवार को विध्वस्त करती है बल्कि पूरे समुदाय में भय और असुरक्षा की भावना पैदा कर देती है।
विशेषज्ञों का कहना है कि परिवारिक विवादों में संयम और समझौते की कमी अक्सर ऐसे खतरनाक परिणाम सामने लाती है। उन्होंने यह भी चेताया कि ग्रामीण इलाकों में आपसी मतभेदों को समय रहते सुलझाना बेहद जरूरी है ताकि हृदयघातक घटनाओं से बचा जा सके।
पुलिस प्रशासन ने गांव में सुरक्षा बढ़ाई और लोगों से अपील की है कि वे घटना स्थल पर जमा न हों और जांच में सहयोग करें। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ही स्थिति सामान्य होने की संभावना है।
यह घटना अलवर जिले में परिवारिक विवाद और हिंसा के बढ़ते मामलों पर भी सवाल उठाती है। प्रशासन ने कहा कि घटनाओं की रोकथाम और ग्रामीणों को समझौते के महत्व के प्रति जागरूक करना अब प्राथमिकता होगी।

