राज उन्नति की बैठक में सीएम भजनलाल सख्त, बोले- जलभराव, टूटी सड़क और बिजली कटौती पर कलेक्टर की जवाबदेही
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने प्रदेश में विकास कार्यों और आमजन से जुड़ी समस्याओं को लेकर आयोजित राज उन्नति की बैठक में अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि शहरों और जिलों में जलभराव, टूटी सड़कों और बिजली कटौती जैसी समस्याओं के लिए संबंधित जिला कलेक्टर की जवाबदेही तय होगी। लापरवाही मिलने पर अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि सरकार की प्राथमिकता आमजन को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना है। बारिश के दौरान जलभराव और खराब सड़कों के कारण लोगों को परेशानी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को मौके पर जाकर समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जलभराव पर कलेक्टर की जिम्मेदारी
बैठक में बारिश के दौरान होने वाले जलभराव को लेकर विशेष चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि जलभराव वाले स्थानों की पहले से पहचान कर पानी निकासी की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बारिश के बाद सड़कों और कॉलोनियों में लंबे समय तक पानी जमा नहीं रहना चाहिए। जल निकासी की व्यवस्था में लापरवाही सामने आने पर जिम्मेदारी तय की जाएगी।
टूटी सड़कों की जल्द हो मरम्मत
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में खराब और क्षतिग्रस्त सड़कों को लेकर भी अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़कों की नियमित निगरानी की जाए और जहां सड़कें खराब हैं, वहां प्राथमिकता के आधार पर मरम्मत कराई जाए।
उन्होंने कहा कि आमजन को आवागमन में परेशानी नहीं होनी चाहिए। सड़क निर्माण और मरम्मत कार्यों की गुणवत्ता पर भी नजर रखने के निर्देश दिए गए।
बिजली कटौती पर भी सख्ती
बैठक में बिजली आपूर्ति की स्थिति की भी समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि अनावश्यक बिजली कटौती से लोगों को परेशानी नहीं होनी चाहिए। संबंधित अधिकारी बिजली आपूर्ति व्यवस्था की नियमित निगरानी करें।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि शिकायत मिलने पर उसका तत्काल समाधान किया जाए और बार-बार होने वाली बिजली संबंधी समस्याओं के स्थायी समाधान पर काम किया जाए।
लापरवाही पर होगी कार्रवाई
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि कलेक्टर अपने-अपने जिलों में विकास कार्यों और मूलभूत सुविधाओं की नियमित समीक्षा करें।
बैठक में विभिन्न जिलों की स्थिति और विकास योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक समय पर पहुंचाने और सरकारी कामकाज में जवाबदेही सुनिश्चित करने को कहा।

