राजस्थान में एक्शन में आया बुलडोजर, चौमूं में हाथ में लाठी, सिर पर हेलमेट और सेफ्टी जैकेट पहनकर ढाल बने पुलिसकर्मी
जयपुर ग्रामीण के चौमूं इलाके में तनावपूर्ण शांति के बीच प्रशासन ने अतिक्रमण और अवैध निर्माण पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। 25 दिसंबर की रात को बस स्टैंड क्षेत्र में हुई पत्थरबाजी की घटना के बाद नगर परिषद ने अब बुलडोजर कार्रवाई (Bulldozer Action) की शुरुआत की है।
सूत्रों के अनुसार, नगर परिषद और स्थानीय प्रशासन की टीम ने इलाके में अतिक्रमण और अवैध निर्माण की पहचान कर कार्रवाई के लिए पूर्व सूचना और नोटिस जारी किए थे। इसके बाद नगर परिषद की टीम ने निर्धारित स्थानों पर बुलडोजर चलाकर अतिक्रमण हटाना शुरू किया।
स्थानीय प्रशासन ने बताया कि यह कार्रवाई शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से की जा रही है। उन्होंने कहा कि अतिक्रमण और अवैध निर्माण की वजह से इलाके में सड़क, यातायात और सार्वजनिक सुविधा प्रभावित हो रही थी।
पुलिस और आरएसी की दो कंपनियां मौके पर तैनात हैं, ताकि कार्रवाई शांतिपूर्ण ढंग से पूरी की जा सके और किसी प्रकार की हिंसा या तनाव न उत्पन्न हो। स्थानीय लोगों ने बताया कि कई घरों और दुकानों पर नोटिस चस्पा किए गए थे, जबकि कुछ मकानों पर ताले लगे हुए थे।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी कार्रवाई से स्थानीय प्रशासन की कठोरता और कानून पालन को स्पष्ट संदेश मिलता है। उन्होंने यह भी कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर अतिक्रमण और अवैध निर्माण को रोकने के लिए समय-समय पर यह कदम जरूरी होता है।
स्थानीय लोग और प्रशासन दोनों यह उम्मीद कर रहे हैं कि इस बुलडोजर कार्रवाई के बाद चौमूं इलाके में कानून और शांति को कायम रखा जा सके। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि भविष्य में किसी भी प्रकार के अवैध निर्माण या अतिक्रमण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

