रेप केस में फंसा भाई, फिर थानेदार पर रिश्वत का आरोप; सवा दो लाख की डिमांड ने खोली पोल
पुलिस विभाग से जुड़ा एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां एक तरफ रेप के आरोप में फंसे व्यक्ति का मामला चल रहा था, तो दूसरी तरफ थानेदार पर कथित तौर पर सवा दो लाख रुपये से ज्यादा की रिश्वत मांगने के गंभीर आरोप लगे हैं।
जानकारी के अनुसार, मामला उस समय सुर्खियों में आया जब कथित रूप से रिश्वत की रकम एक निजी गाड़ी में छिपाकर ले जाई जा रही थी। इसी दौरान पूरी घटना का खुलासा हो गया, जिससे इंस्पेक्टर की भूमिका पर सवाल खड़े हो गए हैं।
सूत्रों का कहना है कि पीड़ित पक्ष से मामले को कमजोर करने या राहत दिलाने के नाम पर मोटी रकम की मांग की गई थी। शुरुआती बातचीत में ही यह रकम करीब 2.25 लाख रुपये बताई जा रही है, जिसे बाद में एक गुप्त तरीके से पहुंचाने की कोशिश की गई।
घटना के बाद मामला सामने आते ही पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया। संबंधित अधिकारी के खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। उच्च अधिकारियों ने पूरे मामले की रिपोर्ट तलब कर ली है और सबूतों की जांच की जा रही है।
इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर पुलिस व्यवस्था में पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों और सोशल मीडिया पर भी इस मामले को लेकर तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई और त्वरित जांच जरूरी है, ताकि जनता का भरोसा कानून व्यवस्था पर बना रहे। फिलहाल जांच जारी है और आगे की कार्रवाई रिपोर्ट के आधार पर तय की जाएगी।

