पुलिस ने ‘म्यूल हंटर’ अभियान के तहत एक बड़ी कार्रवाई करते हुए सट्टा ऐप के जरिए ऑनलाइन ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का खुलासा किया है। इस कार्रवाई में कई अहम सुराग हाथ लगे हैं, जिनके आधार पर पूरे नेटवर्क को बेनकाब किया गया है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह गैंग फर्जी सट्टा और निवेश ऐप्स के जरिए लोगों को बड़े मुनाफे का लालच देकर ठगी करता था। शुरुआत में छोटे-छोटे रिटर्न दिखाकर भरोसा बनाया जाता था, जिसके बाद लोगों से बड़ी रकम निवेश करवाई जाती थी और बाद में संपर्क तोड़ दिया जाता था।
इस पूरे नेटवर्क में म्यूल अकाउंट्स का इस्तेमाल किया जा रहा था, जिनके जरिए ठगी की रकम को अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर छिपाया जाता था। पुलिस ने ऐसे कई बैंक खातों की पहचान की है, जो ठगी की रकम को आगे बढ़ाने में इस्तेमाल किए जा रहे थे।
‘म्यूल हंटर’ अभियान के तहत साइबर पुलिस की टीम लगातार संदिग्ध ट्रांजैक्शन और डिजिटल लेनदेन पर नजर रख रही थी। इसी दौरान इस गैंग की गतिविधियां पकड़ में आईं और जांच आगे बढ़ाई गई।
अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई से साइबर ठगी के बड़े नेटवर्क का खुलासा हुआ है और इसमें शामिल अन्य लोगों की तलाश जारी है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान ऐप या लिंक पर निवेश करने से बचें और केवल अधिकृत प्लेटफॉर्म का ही उपयोग करें।
फिलहाल पुलिस ने संबंधित बैंक खातों को फ्रीज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है और पूरे नेटवर्क की कड़ियों को जोड़ने के लिए जांच तेज कर दी गई है।

