पंचायत चुनाव से पहले डीग के गुलपाड़ा गांव में नाराजगी, विकास के दावों पर उठे सवाल
राजस्थान में आगामी पंचायत चुनाव को लेकर जहां एक ओर राजनीतिक हलचल तेज हो रही है, वहीं दूसरी ओर कई गांवों में जनता के बीच नाराजगी भी खुलकर सामने आ रही है। डीग जिला की बृज नगर पंचायत के गुलपाड़ा गांव में चुनावी माहौल से ज्यादा लोगों के चेहरों पर आक्रोश और निराशा देखने को मिल रही है।
गांव के ग्रामीणों का कहना है कि बीते पांच साल उनके लिए किसी बुरे सपने से कम नहीं रहे। विकास के बड़े-बड़े दावों के बावजूद उन्हें मूलभूत सुविधाओं के लिए भी संघर्ष करना पड़ रहा है। गांव की सड़कों की हालत बेहद खराब है, जहां जगह-जगह कीचड़ भरा हुआ है और आवागमन में लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
🚧 टूटी सड़कें और कीचड़ से जूझते ग्रामीण
ग्रामीणों के अनुसार, बारिश के समय स्थिति और भी बदतर हो जाती है। कच्ची और जर्जर सड़कों पर पानी भरने से गांव में चलना मुश्किल हो जाता है। बच्चों को स्कूल जाने और बुजुर्गों को बाहर निकलने में भारी दिक्कत होती है।
🚰 पानी की समस्या भी गंभीर
गांव में पेयजल की समस्या भी लंबे समय से बनी हुई है। कई बार लोगों को दूर-दूर से पानी लाना पड़ता है, जबकि सरकारी योजनाओं का लाभ यहां तक पूरी तरह नहीं पहुंच पाया है।
😡 चुनाव से पहले बढ़ा आक्रोश
पंचायत चुनाव की आहट के साथ ही ग्रामीणों ने अपनी नाराजगी खुलकर जाहिर करनी शुरू कर दी है। उनका कहना है कि इस बार वे उसी उम्मीदवार को समर्थन देंगे, जो गांव की बुनियादी समस्याओं का स्थायी समाधान करेगा।
📢 जिम्मेदारों से जवाब की मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर पांच साल में विकास के नाम पर क्या किया गया। उनका आरोप है कि चुनाव के समय वादे किए जाते हैं, लेकिन बाद में कोई सुनवाई नहीं होती।
फिलहाल गुलपाड़ा गांव की यह स्थिति पंचायत चुनाव से पहले ग्रामीण विकास और जनप्रतिनिधियों की जवाबदेही को लेकर बड़े सवाल खड़े कर रही है।

