Samachar Nama
×

राजसमंद के 37 नन्हें स्काउट्स को मिला ‘गोल्डन ऐरो अवार्ड’, जिले का बढ़ा मान

राजसमंद के 37 नन्हें स्काउट्स को मिला ‘गोल्डन ऐरो अवार्ड’, जिले का बढ़ा मान

राजस्थान के राजसमंद जिला की सुबह उस दिन एक अलग ही उत्साह से भरी हुई थी। हवा में उमंग का माहौल था, स्कूलों के प्रांगण में चहल-पहल दिखाई दे रही थी और नन्हें कदमों में गजब का आत्मविश्वास झलक रहा था। इस खास अवसर का कारण था जिले के 37 नन्हें स्काउट्स को मिला राष्ट्रीय स्तर का प्रतिष्ठित सम्मान ‘गोल्डन ऐरो अवार्ड’।

इन 37 बच्चों में 18 बुलबुल और 19 कब स्काउट शामिल हैं, जिन्होंने अपनी मेहनत, अनुशासन और स्काउटिंग के विभिन्न मानकों को पूरा कर यह उपलब्धि हासिल की। इस सम्मान ने न केवल इन बच्चों का आत्मविश्वास बढ़ाया है, बल्कि पूरे जिले का नाम भी राष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया है।

‘गोल्डन ऐरो अवार्ड’ स्काउटिंग के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जाती है, जो बच्चों में नेतृत्व क्षमता, सामाजिक जिम्मेदारी और सेवा भावना को बढ़ावा देता है। इन बच्चों ने विभिन्न गतिविधियों, सामाजिक कार्यों और स्काउटिंग प्रशिक्षण में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर इस पुरस्कार को प्राप्त किया।

विद्यालयों में इस उपलब्धि का जश्न मनाया गया। शिक्षकों, अभिभावकों और स्थानीय प्रशासन ने बच्चों की इस सफलता पर गर्व जताया। बच्चों के चेहरों पर खुशी और गर्व साफ झलक रहा था, जो उनके परिश्रम और समर्पण का परिणाम था।

स्काउट प्रशिक्षकों का कहना है कि इन बच्चों ने अनुशासन, टीमवर्क और सेवा भावना का अद्भुत उदाहरण पेश किया है। उन्होंने बताया कि स्काउटिंग न केवल बच्चों को शारीरिक रूप से मजबूत बनाती है, बल्कि उनके व्यक्तित्व के समग्र विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

यह उपलब्धि जिले के अन्य छात्रों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनी है। अब अधिक से अधिक बच्चे स्काउटिंग की ओर आकर्षित हो रहे हैं और इस क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने की कोशिश कर रहे हैं।

कुल मिलाकर, राजसमंद के इन 37 नन्हें स्काउट्स की यह उपलब्धि न केवल उनके परिवारों के लिए गर्व का विषय है, बल्कि पूरे जिले के लिए एक प्रेरणादायक सफलता है, जो आने वाली पीढ़ियों को नई दिशा देने का काम करेगी।

Share this story

Tags