अहमदाबाद पुलिस ने नवरंगपुरा इलाके के एक फ्लैट में चल रहे विदेशी जानवरों के अवैध व्यापार का भंडाफोड़ किया है। इस छापे में पुलिस ने 50 जहरीले सांपों समेत कई दुर्लभ जीव पकड़े, जिनका अवैध रूप से व्यापार किया जा रहा था।
पुलिस के अनुसार, यह जानवर और सांप अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट के माध्यम से रेव पार्टियों और निजी कार्यक्रमों में बेचे जा रहे थे। एक रिपोर्ट के मुताबिक, सांपों और अन्य जहरीले जीवों का जहर प्रति डोज 50,000 रुपए तक बेचा जाता था। यह गिरोह लंबे समय से अवैध व्यापार चला रहा था और पुलिस ने लंबी छानबीन के बाद फ्लैट तक पहुंचकर उसे पकड़ा।
मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी के पास से कई दस्तावेज, उपकरण और जानवरों के परिवहन के साधन भी बरामद किए गए हैं। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपी इस अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट का मुख्य कनेक्शन और संचालक है।
अहमदाबाद पुलिस ने बताया कि इस मामले की जांच में कई एजेंसियां सहयोग कर रही हैं। इनमें वन विभाग, वन्य जीव संरक्षण इकाई और साइबर क्राइम विभाग शामिल हैं। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि सिंडिकेट के सभी सदस्य और अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन भी पकड़ में आएं।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह का अवैध व्यापार वन्य जीव संरक्षण कानूनों और अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन है। इसके चलते न केवल जानवरों और सांपों की प्रजातियों को खतरा है, बल्कि आम जनता के लिए भी गंभीर सुरक्षा जोखिम पैदा होता है।
पुलिस ने बताया कि फ्लैट में पाए गए सांप और अन्य जहरीले जीव को सुरक्षित तरीके से वन विभाग के विशेष संरक्षण केंद्र में रखा गया है। वहां उनकी सुरक्षा, देखभाल और प्राकृतिक माहौल में पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
स्थानीय अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि ऐसे अवैध जानवरों और जहर के कारोबारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने लोगों से भी अपील की है कि यदि किसी को अवैध वन्य जीव व्यापार के बारे में जानकारी मिले तो तुरंत पुलिस या वन विभाग को सूचित करें।
इस घटना ने अहमदाबाद और आसपास के क्षेत्रों में अवैध वन्य जीव व्यापार पर कड़ी निगरानी की आवश्यकता को उजागर किया है। विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट की पकड़ अब तक बड़े स्तर पर अवैध कारोबार को रोकने में मदद करेगी और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सख्त नियम और निगरानी की जाएगी।
पुलिस ने यह भी कहा कि गिरफ्तारी के बाद जांच जारी है और सभी आरोपियों की पहचान, धन के लेन-देन और अंतरराष्ट्रीय संपर्कों को उजागर करने की कोशिश की जा रही है। इस कार्रवाई से अहमदाबाद में वन्य जीव सुरक्षा और नागरिक सुरक्षा को प्राथमिकता देने का संदेश गया है।

