GMADA में ED की रेड के खिलाफ AAP का हंगामा, वीडियो में जाने बैरिकेड तोड़कर कैंपस में घुसे कार्यकर्ता; गाड़ियों के शीशे तोड़े
पंजाब के मोहाली में ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (GMADA) के दफ्तर में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की करीब दो दिन चली कार्रवाई के बाद गुरुवार को आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में AAP कार्यकर्ता GMADA कार्यालय के बाहर पहुंचे और ED की कार्रवाई का विरोध किया। प्रदर्शन के दौरान स्थिति उस समय तनावपूर्ण हो गई, जब कुछ प्रदर्शनकारियों ने पुलिस बैरिकेडिंग तोड़कर कैंपस में प्रवेश करने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्कामुक्की भी हुई।
ED टीम तक पहुंचने की कोशिश
AAP कार्यकर्ताओं ने GMADA कार्यालय के भीतर चल रही ED की कार्रवाई का विरोध करते हुए टीम तक पहुंचने की कोशिश की। हालांकि परिसर में मौजूद CRPF जवानों और पुलिसकर्मियों ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। इसके बाद प्रदर्शनकारियों की ओर से पथराव किए जाने की भी रिपोर्ट सामने आई। कुछ खिड़कियों के शीशे टूटने की जानकारी है।प्रदर्शनकारियों ने ED की टीम की गाड़ियों को भी निशाना बनाया। रिपोर्टों के मुताबिक कुछ वाहनों के शीशे टूटे और उनके टायरों की हवा निकाल दी गई। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किया। एक रिपोर्ट के मुताबिक पुलिस ने कुछ प्रदर्शनकारियों को हिरासत में भी लिया।
करीब 50 घंटे चली ED की कार्रवाई
GMADA मुख्यालय में ED की तलाशी और जांच कार्रवाई करीब 50 घंटे तक चली। गुरुवार को कार्रवाई पूरी होने के बाद ED की टीम को पुलिस सुरक्षा में कार्यालय से बाहर निकाला गया। रिपोर्टों के अनुसार एजेंसी अपने साथ बड़ी मात्रा में दस्तावेज और स्कैन किए गए रिकॉर्ड की हार्ड डिस्क लेकर गई है।ED की कार्रवाई जमीन अधिग्रहण, प्रॉपर्टी लेनदेन, जमीन के इस्तेमाल में बदलाव, प्राइवेट डेवलपर्स को कथित लाभ और संपत्तियों की नीलामी से जुड़े मामलों की जांच के तहत हुई। एजेंसी ने GMADA के कई वरिष्ठ अधिकारियों से पूछताछ भी की।
रेमिगेट मामले में 57 करोड़ के लाभ की जांच
ED के अनुसार, जांच में रेमिगेट से जुड़े मामले में करीब 57 करोड़ रुपये के कथित आर्थिक लाभ का पहलू भी शामिल है। इसके अलावा जमीन अधिग्रहण से जुड़ी कथित अनियमितताओं और एक निजी कंसल्टेंसी फर्म की भूमिका की भी पड़ताल की जा रही है। एजेंसी यह भी जांच रही है कि संबंधित फर्म के GMADA अधिकारियों के साथ क्या संबंध थे।
AAP ने ED की कार्रवाई पर उठाए सवाल
AAP नेताओं और कार्यकर्ताओं ने ED की कार्रवाई को लेकर विरोध जताया है। पार्टी की ओर से कार्रवाई पर राजनीतिक दबाव के आरोप लगाए गए हैं। वहीं ED की जांच में सामने आए आरोपों और दस्तावेजों की पड़ताल अभी जारी है। रिपोर्टों के मुताबिक कार्रवाई के दौरान किसी GMADA अधिकारी को गिरफ्तार किए जाने की पुष्टि नहीं हुई है, हालांकि आगे पूछताछ के लिए अधिकारियों को बुलाया जा सकता है।GMADA की कार्रवाई और उसके बाद हुए प्रदर्शन ने पंजाब में ED की जांच को लेकर राजनीतिक विवाद को और बढ़ा दिया है। अब ED द्वारा जब्त किए गए दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की जांच के बाद आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।

