उज्जैन में अनोखा प्रोजेक्ट: जमीन के 100 फीट नीचे बहेगी नदी, ऊपर जारी रहेगी खेती
मध्य प्रदेश के उज्जैन में एक अनोखा और देश का पहला बताया जा रहा प्रोजेक्ट चर्चा में है। इस योजना के तहत शिप्रा नदी को स्वच्छ बनाए रखने के लिए कान्ह नदी को जमीन के लगभग 100 फीट नीचे से डायवर्ट किया जाएगा, जबकि ऊपर की जमीन पर खेती और अन्य गतिविधियां सामान्य रूप से जारी रहेंगी।
जानकारी के अनुसार, इस परियोजना का उद्देश्य शहर की प्रमुख नदी शिप्रा को प्रदूषण से बचाना और जल गुणवत्ता में सुधार करना है। इसके लिए कान्ह नदी के प्रदूषित जल को भूमिगत सुरंग (टनल सिस्टम) के माध्यम से आगे ले जाने की योजना बनाई जा रही है।
देश का पहला भूमिगत नदी डायवर्जन प्रोजेक्ट
अधिकारियों के अनुसार, यह अपने तरह का देश का पहला प्रोजेक्ट माना जा रहा है, जिसमें नदी को जमीन के अंदर से प्रवाहित किया जाएगा, जबकि सतह पर सामान्य कृषि गतिविधियां जारी रहेंगी। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तकनीक से जल प्रदूषण को नियंत्रित करने में मदद मिलेगी।
शिप्रा नदी को साफ रखने का लक्ष्य
इस योजना का मुख्य उद्देश्य शिप्रा नदी को स्वच्छ और अविरल बनाए रखना है। कान्ह नदी, जो वर्तमान में प्रदूषण का प्रमुख स्रोत मानी जाती है, उसके पानी को भूमिगत मार्ग से डायवर्ट कर शिप्रा में मिलने से रोका जाएगा।
तकनीकी और पर्यावरणीय महत्व
परियोजना को पर्यावरण संरक्षण और शहरी जल प्रबंधन के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, इसकी तकनीकी संरचना, लागत और क्रियान्वयन को लेकर अभी विस्तृत योजना पर काम जारी है।
जल्द शुरू हो सकता है काम
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, इस परियोजना पर जल्द ही विस्तृत रिपोर्ट और तकनीकी अध्ययन के बाद काम शुरू किया जा सकता है।

