Samachar Nama
×

दमोह में 15 फीट गहरे गड्ढे में डूबने से दो मासूमों की मौत, ग्रामीणों में आक्रोश

दमोह में 15 फीट गहरे गड्ढे में डूबने से दो मासूमों की मौत, ग्रामीणों में आक्रोश

मध्य प्रदेश के दमोह जिले से एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। रजपुरा थाना क्षेत्र के सेमरा गांव में सोमवार दोपहर पानी से भरे एक करीब 15 फीट गहरे गड्ढे में डूबने से दो नाबालिग बच्चों की मौत हो गई। इस घटना के बाद गांव में मातम पसरा हुआ है, वहीं परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।

हादसे की जानकारी मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बच्चों को बाहर निकालने की कोशिश की, लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी। घटना के बाद ग्रामीणों में नाराजगी भी देखने को मिल रही है।

पानी से भरे गड्ढे में डूबे बच्चे

जानकारी के अनुसार, सेमरा गांव में सोमवार दोपहर कुछ बच्चे खेल रहे थे। इसी दौरान वे पानी से भरे गहरे गड्ढे के पास पहुंच गए। बताया जा रहा है कि गड्ढे की गहराई करीब 15 फीट थी और उसमें बारिश का पानी भरा हुआ था।

खेलते-खेलते बच्चे गड्ढे में गिर गए और पानी में डूबने लगे। आसपास मौजूद लोगों को जब इसकी जानकारी मिली तो उन्होंने तुरंत बचाव का प्रयास किया, लेकिन दोनों नाबालिग बच्चों को बचाया नहीं जा सका।

परिजनों में मचा कोहराम

बच्चों की मौत की खबर जैसे ही परिवारों तक पहुंची, वहां चीख-पुकार मच गई। परिजन इस दर्दनाक हादसे से सदमे में हैं। ग्रामीण भी इस घटना से काफी दुखी हैं।

गांव में दोनों बच्चों की मौत को लेकर शोक का माहौल है। बड़ी संख्या में लोग पीड़ित परिवारों को सांत्वना देने पहुंच रहे हैं।

ग्रामीणों ने उठाए सवाल

घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश भी देखने को मिला। ग्रामीणों ने गांव के ही एक व्यक्ति पर गड्ढा खोदने और उसे खुला छोड़ने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि यदि गड्ढे को सुरक्षित तरीके से बंद किया जाता या वहां सुरक्षा के इंतजाम होते तो यह हादसा टाला जा सकता था।

ग्रामीणों ने मामले की जांच कर जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

पुलिस ने शुरू की जांच

घटना की सूचना मिलने के बाद रजपुरा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस हादसे के कारणों और ग्रामीणों द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है।

अधिकारियों का कहना है कि जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

बारिश के मौसम में खुले गड्ढे और जलभराव वाली जगहें अक्सर हादसों का कारण बन जाती हैं। यह घटना एक बार फिर लापरवाही के गंभीर परिणामों की ओर इशारा करती है और ऐसे स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की जरूरत को सामने लाती है।

Share this story

Tags