गश्त छोड़कर 6 किमी दूर बदमाश के साथ शराब पी रहे थे डायल-112 के पुलिसकर्मी, देर रात का मामला आया सामने
मध्यप्रदेश में पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करने वाला मामला सामने आया है। तिलक नगर थाने की एफआरवी (डायल-112) में तैनात पुलिसकर्मी ही एक बदमाश के साथ शराब पीते मिले। आरोप है कि शनिवार देर रात करीब 12 से 1 बजे के बीच एफआरवी के पुलिसकर्मी अपनी ड्यूटी और गश्त छोड़कर थाना क्षेत्र से करीब 6 किलोमीटर दूर खुड़ैल थाना क्षेत्र के ग्राम बिहाड़िया पहुंच गए। यहां वे एक बदमाश के साथ शराब पी रहे थे।
इस घटना के सामने आने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है। जिन पुलिसकर्मियों पर इलाके में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आपात स्थिति में लोगों की मदद करने की जिम्मेदारी है, उन्हीं के इस तरह ड्यूटी से हटकर दूसरी जगह पहुंचने का मामला सामने आया है। घटना ने पुलिस की रात्रिकालीन गश्त और निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।
गश्त छोड़कर दूसरे थाना क्षेत्र में पहुंचे पुलिसकर्मी
जानकारी के मुताबिक, तिलक नगर थाने की एफआरवी को थाना क्षेत्र में गश्त और आपातकालीन पुलिस सहायता की जिम्मेदारी दी गई थी। शनिवार देर रात करीब 12 से 1 बजे के बीच एफआरवी में तैनात पुलिसकर्मी अपने निर्धारित क्षेत्र से निकलकर खुड़ैल थाना क्षेत्र के ग्राम बिहाड़िया पहुंच गए।
यह गांव तिलक नगर थाना क्षेत्र से करीब 6 किलोमीटर दूर है। आरोप है कि पुलिसकर्मी यहां किसी बदमाश के साथ शराब पी रहे थे। इस दौरान उनकी मौजूदगी और गतिविधियों को लेकर मामला सामने आया।
डायल-112 की जिम्मेदारी पर उठे सवाल
डायल-112 पुलिस की आपातकालीन सेवा है। इसका उद्देश्य दुर्घटना, अपराध, विवाद और अन्य आपात स्थितियों में लोगों को तुरंत पुलिस सहायता उपलब्ध कराना है। इसके लिए एफआरवी वाहनों को निर्धारित क्षेत्रों में तैनात किया जाता है, ताकि सूचना मिलने पर पुलिसकर्मी कम से कम समय में मौके पर पहुंच सकें।
ऐसे में यदि एफआरवी में तैनात पुलिसकर्मी गश्त छोड़कर दूसरे थाना क्षेत्र में निजी गतिविधियों में शामिल रहते हैं तो इसका सीधा असर आपातकालीन पुलिस सेवा पर पड़ सकता है। घटना के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि संबंधित समय के दौरान तिलक नगर थाना क्षेत्र में किसी आपातकालीन कॉल की स्थिति में पुलिस सहायता कैसे उपलब्ध कराई जाती।
पुलिस विभाग में कार्रवाई की संभावना
मामले के सामने आने के बाद संबंधित पुलिसकर्मियों की भूमिका को लेकर सवाल उठने लगे हैं। ड्यूटी के दौरान निर्धारित क्षेत्र छोड़कर दूसरे थाना क्षेत्र में जाने और बदमाश के साथ शराब पीने के आरोपों की जांच महत्वपूर्ण हो गई है।
जांच में यह भी देखा जा सकता है कि एफआरवी की लोकेशन क्या थी, पुलिसकर्मी किस समय अपने निर्धारित क्षेत्र से बाहर गए और इस दौरान उनकी ड्यूटी की निगरानी किस स्तर पर की जा रही थी।
फिलहाल इस मामले में संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई और जांच से जुड़े आधिकारिक निष्कर्षों की जानकारी सामने आना बाकी है। घटना ने एक बार फिर पुलिस की गश्त व्यवस्था और डायल-112 सेवा की जवाबदेही को चर्चा में ला दिया है।

