Samachar Nama
×

सतना में भरभराकर गिरा चार मंजिला इमारत का छज्जा, भवन मालिक पर केस दर्ज; 7 दिन में मांगा नक्शा और मालिकाना हक

सतना में भरभराकर गिरा चार मंजिला इमारत का छज्जा, भवन मालिक पर केस दर्ज; 7 दिन में मांगा नक्शा और मालिकाना हक

मध्य प्रदेश के सतना में चार मंजिला इमारत का छज्जा अचानक भरभराकर गिरने के मामले में प्रशासन ने सख्ती दिखाई है। घटना के बाद भवन मालिक के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 125(A) के तहत मामला दर्ज किया गया है। प्रशासन ने भवन की वैधता और निर्माण से जुड़े दस्तावेजों की जांच शुरू कर दी है।

जानकारी के मुताबिक, शहर में चार मंजिला भवन का छज्जा अचानक गिर गया। छज्जा गिरने से आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। घटना के बाद प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। राहत की बात यह रही कि हादसे में किसी बड़ी जनहानि की सूचना नहीं है।

भवन मालिक पर दर्ज हुआ केस

प्रशासन ने प्रथम दृष्टया निर्माण की सुरक्षा और भवन की स्थिति को लेकर गंभीरता दिखाते हुए भवन मालिक के खिलाफ BNS की धारा 125(A) के तहत प्रकरण दर्ज कराया है। पुलिस अब यह जांच करेगी कि भवन का निर्माण निर्धारित नियमों के अनुसार किया गया था या नहीं और छज्जे के गिरने की वजह क्या रही।

प्रशासन की कार्रवाई के बाद भवन मालिक से निर्माण से संबंधित दस्तावेज मांगे गए हैं। संबंधित पक्ष को 7 दिन के भीतर भवन का नक्शा और मालिकाना हक से जुड़े दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

नक्शा और दस्तावेजों की होगी जांच

प्रशासन अब यह जांच करेगा कि चार मंजिला इमारत का निर्माण स्वीकृत नक्शे के अनुसार हुआ है या नहीं। साथ ही यह भी देखा जाएगा कि भवन के निर्माण के लिए जरूरी अनुमति ली गई थी या नहीं।

भवन के मालिकाना हक से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच की जाएगी। यदि जांच के दौरान निर्माण में नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो संबंधित भवन मालिक के खिलाफ नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा सकती है।

सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

चार मंजिला इमारत का छज्जा गिरने की घटना के बाद आसपास के भवनों की सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। पुराने या जर्जर भवनों में निर्माण की गुणवत्ता और संरचनात्मक मजबूती की जांच जरूरी मानी जा रही है।

प्रशासन की ओर से भवन मालिकों को भी अपने भवनों की स्थिति की जांच कराने और किसी भी तरह की कमजोरी सामने आने पर तत्काल आवश्यक कदम उठाने की सलाह दी जा सकती है।

फिलहाल पुलिस और प्रशासन पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। सात दिन की समय सीमा में भवन मालिक की ओर से प्रस्तुत किए जाने वाले नक्शे और दस्तावेजों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। प्रशासन यह भी पता लगाने में जुटा है कि छज्जा गिरने के पीछे निर्माण संबंधी खामी थी या भवन की देखरेख में लापरवाही हुई थी।

घटना के बाद प्रशासन की कार्रवाई से साफ है कि सार्वजनिक स्थानों पर भवनों की सुरक्षा को लेकर लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।

Share this story

Tags