खालवा में लापरवाही पर गिरी गाज, समय पर जन्म प्रमाण-पत्र जारी न करने पर 3 पंचायत सचिवों पर लगा अर्थदंड
खंडवा जिले के खालवा विकासखंड में प्रशासनिक लापरवाही का मामला सामने आया है, जहां समय सीमा में जन्म प्रमाण-पत्र जारी न करने पर तीन पंचायत सचिवों पर कार्रवाई की गई है। लोक सेवा गारंटी अधिनियम-2010 के प्रावधानों के तहत यह कार्रवाई की गई है।
जानकारी के अनुसार, निर्धारित अवधि के भीतर नागरिकों को जन्म प्रमाण-पत्र जैसी आवश्यक सेवाएं उपलब्ध कराना अनिवार्य होता है। लेकिन संबंधित पंचायत सचिवों द्वारा समय पर यह सेवा प्रदान नहीं की गई, जिससे आवेदकों को अनावश्यक परेशानी का सामना करना पड़ा।
मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने मंगलवार को तीनों पंचायत सचिवों पर अर्थदंड (जुर्माना) लगाया है। प्रशासन का कहना है कि लोक सेवा गारंटी अधिनियम का उद्देश्य आम नागरिकों को समयबद्ध और पारदर्शी सेवाएं उपलब्ध कराना है, लेकिन इसमें लापरवाही किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस कार्रवाई के बाद प्रशासनिक स्तर पर भी हलचल देखी जा रही है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में यदि किसी भी स्तर पर सेवा समय सीमा का उल्लंघन पाया जाता है, तो संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ इसी तरह की सख्त कार्रवाई की जाएगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जन्म प्रमाण-पत्र जैसे दस्तावेजों के लिए बार-बार दफ्तरों के चक्कर लगाने पड़ते हैं, जिससे समय और संसाधन दोनों की बर्बादी होती है। ऐसे में समय पर सेवा न मिलने से आम जनता को काफी परेशानी होती है।
प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिए हैं कि लोक सेवा गारंटी के तहत आने वाली सभी सेवाओं को निर्धारित समय सीमा में ही पूरा किया जाए, ताकि आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
फिलहाल इस कार्रवाई के बाद अन्य पंचायतों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। प्रशासन का कहना है कि सेवा में देरी और लापरवाही को किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जाएगा।

