ATM से पैसे नहीं निकले, खाते से रकम कट गई? MP में ऐसे फ्रॉड गिरोह का खुलासा, प्लेट-टेप से करता था खेल
अगर कभी एटीएम से पैसे निकालते समय मशीन से खरखराने की आवाज आए, लेकिन कैश बाहर न निकले और कुछ देर बाद मोबाइल पर खाते से रुपये कटने का मैसेज आ जाए, तो इसे सामान्य तकनीकी खराबी समझकर नजरअंदाज न करें। मध्य प्रदेश के भिंड से एटीएम से पैसे निकालने वाले एक ऐसे कथित गिरोह का खुलासा हुआ है, जो मशीन में छेड़छाड़ कर ग्राहकों की रकम निकालकर फरार हो जाता था। पुलिस ने गिरोह से जुड़े लोगों को पकड़ा है और मामले की जांच की जा रही है।
एटीएम में लगाते थे खास तरह की प्लेट
पुलिस के अनुसार, आरोपी एटीएम के कैश निकलने वाले हिस्से में एल्युमिनियम प्लेट और टेप जैसी सामग्री का इस्तेमाल करते थे। इसके जरिए मशीन से निकलने वाले नोटों को रोकने की कोशिश की जाती थी। ग्राहक को लगता था कि एटीएम में तकनीकी खराबी आ गई है और पैसे बाहर नहीं निकले।
इसी दौरान खाते से रकम कटने का मैसेज ग्राहक के मोबाइल पर पहुंच जाता था। ग्राहक मशीन से पैसा नहीं निकलने के कारण वहां से चला जाता था। इसके बाद आरोपी कथित तौर पर एटीएम के कैश स्लॉट से रकम निकालकर फरार हो जाते थे।
खरखराने की आवाज को समझते थे संकेत
इस तरह की वारदात में एटीएम मशीन से सामान्य तरीके से कैश निकलने की कोशिश होती थी, लेकिन लगाए गए उपकरण के कारण नोट बाहर नहीं आ पाते थे। मशीन से आवाज आने के बावजूद कैश नहीं मिलने पर ग्राहक इसे मशीन की खराबी समझ सकता था।
आरोपियों की कथित योजना इसी भ्रम का फायदा उठाने पर आधारित थी। ग्राहक के वहां से हटने के बाद आरोपी वापस एटीएम के पास पहुंचते और कथित तौर पर मशीन में लगाए गए सामान को हटाकर फंसी हुई रकम निकाल लेते थे।
पुलिस ने गिरोह को पकड़ा
भिंड पुलिस को एटीएम से जुड़े इस तरह के मामलों की जानकारी मिलने के बाद जांच शुरू की गई। पुलिस ने संदिग्ध गतिविधियों और उपलब्ध सुरागों के आधार पर कार्रवाई करते हुए गिरोह से जुड़े लोगों को पकड़ा। पूछताछ में एटीएम से पैसे निकालने के इस तरीके की जानकारी सामने आने की बात कही जा रही है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपियों ने कितने एटीएम को निशाना बनाया और इस तरीके से कितने लोगों के साथ धोखाधड़ी की गई। इसके अलावा गिरोह के अन्य सदस्यों और पुराने मामलों से भी कड़ियां जोड़ी जा रही हैं।
ग्राहकों को सतर्क रहने की जरूरत
एटीएम से पैसे निकालते समय अगर खाते से रकम कट जाए लेकिन कैश बाहर न आए तो ग्राहक को तुरंत बैंक से संपर्क करना चाहिए। साथ ही एटीएम की जगह और मशीन से जुड़ी जानकारी सुरक्षित रखना उपयोगी हो सकता है। संदिग्ध स्थिति में बिना जांच किए एटीएम से दूर जाने के बजाय संबंधित बैंक और पुलिस को सूचना देना भी जरूरी है।
भिंड में सामने आया मामला बताता है कि साइबर और एटीएम फ्रॉड करने वाले आरोपी अलग-अलग तरीकों का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसलिए खाते से रकम कटने और कैश नहीं मिलने की स्थिति को केवल मशीन की तकनीकी खराबी मानना भारी पड़ सकता है। मामले में पुलिस की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि गिरोह ने कितनी वारदातों को अंजाम दिया और इसके पीछे कितने लोग शामिल थे।

