वृंदावन से सकुशल मिली अपहृत नाबालिग, सागर पुलिस ने आरोपी को दबोचा; मोबाइल लोकेशन के आधार पर यूपी में की कार्रवाई
मध्य प्रदेश के सागर जिले की पुलिस ने अपहरण के एक संवेदनशील मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने अपहृत नाबालिग किशोरी को उत्तर प्रदेश के वृंदावन से सकुशल बरामद कर लिया है। साथ ही अपहरण के आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया गया। यह पूरी कार्रवाई मोबाइल लोकेशन और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर की गई।
जानकारी के अनुसार, नाबालिग के परिजनों ने उसके अचानक लापता होने के बाद संबंधित थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल अपहरण का प्रकरण दर्ज कर विशेष टीम का गठन किया। टीम ने किशोरी की तलाश के लिए लगातार तकनीकी और मैदानी स्तर पर जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने मोबाइल नंबर की लोकेशन और अन्य डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण किया। इसी दौरान पता चला कि आरोपी नाबालिग को लेकर उत्तर प्रदेश के वृंदावन क्षेत्र में मौजूद है। सूचना मिलते ही सागर पुलिस की टीम बिना समय गंवाए वृंदावन रवाना हुई और स्थानीय पुलिस के सहयोग से संयुक्त कार्रवाई करते हुए दोनों का पता लगा लिया।
पुलिस ने नाबालिग को सकुशल अपने संरक्षण में ले लिया, जबकि आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद आरोपी को सागर लाया गया, जहां उससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी ने किशोरी का अपहरण किस उद्देश्य से किया था और इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका तो नहीं है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नाबालिग की मेडिकल जांच कराई जाएगी और उसके न्यायालय में बयान दर्ज कराने की प्रक्रिया भी पूरी की जाएगी। इसके बाद उसे परिजनों को सौंपा जाएगा। वहीं आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
इस कार्रवाई में तकनीकी निगरानी और मोबाइल ट्रैकिंग की अहम भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि यदि समय पर मोबाइल लोकेशन नहीं मिलती, तो आरोपी तक पहुंचना काफी चुनौतीपूर्ण हो सकता था। आधुनिक तकनीक और विभिन्न राज्यों की पुलिस के बेहतर समन्वय के कारण इस मामले का जल्द खुलासा संभव हो सका।
सागर पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की स्थानीय स्तर पर सराहना की जा रही है। अधिकारियों ने कहा कि महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और ऐसे मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाएगी। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि बच्चों के लापता होने या किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत पुलिस को दें, ताकि समय रहते प्रभावी कार्रवाई की जा सके।

